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प्रश्न
निम्नलिखित गद्यांश पर आधारित पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए:-
अच्छी बात करने वाला सभी का मान - सम्मान हासिल करता है, जबकि अनावश्यक रूप से तिक्त बात करने वाला अपने तमाम गुणों के बावजूद समाज में समुचित सम्मान नहीं प्राप्त कर पाता। बात व्यक्तिगत संबंधों की करें या राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संबंधों की, हर जगह बातों की जादूगरी का बोलबाला है। बातों ने बड़े से बड़े युद्ध को रोका है तो बड़ा से बड़ा युद्ध करवाया भी है। बातों की महत्ता इससे साबित होती है कि वह सकारात्मक भाव से कही जा रही हैं या नकारात्मक भाव से। बातें किसी के दिल से निकली हों, वे राग या विराग होती हैं। इसका असर बोलने और सुनने वाले दोनों पर होता है। कबीर कहते हैं ऐसी वाणी बोलिए मन का आपा खोए, औरन को शीतल करे, आपहूं शीतल होए।' किसी व्यक्ति की सफलता इन्हीं राहों से होकर गुज़रती है। व्यक्ति की बातें उसके व्यक्तित्व का आइना होती हैं। पहले धैर्य के साथ सुनना, समझना, मनन करना, फिर बोलना, यह कला जिस व्यक्ति में होती है वह जीवन की हर बाजी को जीतने की क्षमता रखता है। कोई नौकरीपेशा हो, व्यापारी हो, कलाकार हो या अन्य कार्य करता हो, सभी की सफलता और स्थायित्व के लिए वाकपटुता आवश्यक है। बातों के संदर्भ में एक आवश्यक बात यह भी है कि व्यक्ति की कथनी और करनी में सामंजस्य आवश्यक है। 'कहना कुछ, करना कुछ' जैसी चीज़ें पूरे समाज को चोटिल करती हैं। आजीवन वास्तविक साधुत्व को जीते राष्ट्रपिता गांधी के विवेकपूर्ण और ओजस्वी वक्तृत्व क्षमता के आगे शक्तिशाली फिरंगी और तमाम लोग नतमस्तक हो जाते थे। (साभार - संगीता सहाय - जनसत्ता - 23 अप्रैल, 2024) |
(क) बात का महत्त्व किस पर आधारित होता है? (1)
- माहौल पर
- सकारात्मक या नकारात्मक होने पर
- संवेदनशीलता पर
- बोलने - सुनने वालों पर
(ख) बापू के आचरण में हमें क्या नहीं मिलेगा? (1)
- कथनी - करनी में समानता
- साधुत्व
- जीतने की इच्छा
- वाकपटुता
(ग) निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए - (1)
कथन (I): बात में सकारात्मक - नकारात्मक ऊर्जा होती है।
कथन (II): बात सम्मान - अपमान का आधार हो सकती है।
कथन (III): विवाद का समाधान बात पर आधारित होता है।
कथन (IV): तिक्त बात करने वाले गुणी होते हैं।
गद्यांश के अनुसार कौन-सा/ से कथन सही हैं?
- केवल कथन (I) और (॥) सही हैं।
- केवल कथन (II) सही है।
- केवल कथन (I), (II) और (III) सही हैं।
- केवल कथन (III) और (IV) सही हैं।
(घ) व्यक्ति की सफलता का मार्ग क्या है? (1)
(ङ) युद्ध करवाने और रोकने की जादूगरी का आधार बातें कैसे हो सकती हैं? (2)
(च) कबीर के दोहे में वाणी अर्थात बातों की शीतलता से क्या आशय है? (2)
(छ) कथनी और करनी का भेद समाज को कैसे चोट पहुँचाता है? (2)
उत्तर
(क) सकारात्मक या नकारात्मक होने पर
(ख) जीतने की इच्छा
(ग) केवल कथन (I), (II) और (III) सही हैं।
(घ) धैर्य के साथ सुनना, समझना, मनन करना, फिर बोलना
(ङ) सकारात्मक या नकरात्मक भाव की संचारक बातें ही होती हैं।
(च) मनुष्य जो बातें करे - उनमें सकारात्मक भाव हों, संवेदनशीलता हो, राग हो, स्नेहिल हों।
(छ) अविश्वसनीयता का संचार होता है, जिससे आपसी संबंध बिगड़ जाते हैं।