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प्रश्न
दो उदाहरण देते हुए निम्नलिखित को समझाइए।
उपसहसंयोजन बहुफलक
उत्तर
केंद्रीय परमाणु/आयन से सीधे जुड़े लिगन्ड परमाणुओं की दिक्स्थान व्यवस्था (spatial arrangement) को समन्वय बहुफलक कहते हैं। इनमें अष्टफलकीय, वर्ग समतलीय तथा चतुष्फलकीय मुख्य हैं। उदाहरणार्थ, [Co(NH3)6]3+ अष्टफलकीय है, [Ni(CO)4] चतुष्फलकीय है तथा [PtCl4]2− वर्ग समतलीय है।
संबंधित प्रश्न
निम्न संकुल में केंद्रीय धातु आयन की ऑक्सीकरण अवस्था, d-कक्षकों का अधिग्रहण एवं उपसहसंयोजन संख्या बतलाइए –
cis-[CrCl2(en)2]Cl
K[Co(CO)4] में कोबाल्ट (Co) की ऑक्सीकरण संख्या है –
निम्नलिखित में सर्वाधिक स्थायी संकुल है –
1 mol CrCl3⋅6H2O की AgNO3 के आधिक्य से अभिक्रिया कराने पर AgCl के 3 mol प्राप्त हुए। संकुल का सूत्र है ______।
निम्नलिखित में से कौन-से संकुल होमोलेप्टिक हैं?
(i) [Co(NH3)6]3+
(ii) [Co(NH3)4Cl2]+
(iii) [Ni(CN)4]2–
(iv) [Ni(NH3)4Cl2]
एथेन-1, 2-डाइऐमीन के लिगंड की तरह व्यवहार के संबंध में सही कथन हैं-
(i) यह उदासीन लिगंड है।
(ii) यह द्विदंतुर लिगंड है।
(iii) यह कीलेटी लिगंड है।
(iv) यह एकदंतुर लिगंड है।
अभिकथन: आविषी धातु आयन कीलेटी लिगंडों द्वारा निष्काषित किए जाते हैं।
तर्क: कीलेट संकुलों की प्रवृत्ति अधिक स्थायी होने की होती है।
दो उदाहरण देते हुए निम्नलिखित को समझाइए।
लिगन्ड
दो उदाहरण देते हुए निम्नलिखित को समझाइए।
हेट्रोरोलेप्टिक
एकदंतुर लिगन्ड का दो उदाहरण दीजिए।