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इस आत्मकथ्य में लेखिका के पिता ने रसोई को 'भटियारखाना' कहकर क्यों संबोधित किया है? - Hindi Course - A

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प्रश्न

इस आत्मकथ्य में लेखिका के पिता ने रसोई को 'भटियारखाना' कहकर क्यों संबोधित किया है?

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उत्तर

'भटियारखाना' शब्द भट्टी (चूल्हा) से बना है। यहाँ पर प्रतिभाशाली लोग नहीं जाते हैं। उनके पिता का मानना था कि चूल्हे के संपर्क में आकर उनकी बेटी की प्रतिभा नष्ट हो जाएगी। रोटी पकाने से उसे देश तथा समाज की समझ विकसित नहीं होगी। वह वहाँ जाकर अपनी योग्यता को नष्ट कर देगी। सम्भवत: इसलिए लेखिका के पिता ने रसोई को 'भटियारखाना' कहकर संबोधित किया होगा।

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एक कहानी यह भी
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अध्याय 14: मन्नू भंडारी - एक कहानी यह भी - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ १००]

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एनसीईआरटी Hindi - Kshitij Part 2 Class 10
अध्याय 14 मन्नू भंडारी - एक कहानी यह भी
प्रश्न-अभ्यास | Q 2 | पृष्ठ १००

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