Advertisements
Advertisements
प्रश्न
जानकारी दीजिए :
गिरिजाकुमार माथुर जी केकाव्यसंग्रह -
उत्तर
गिरिजाकुमार माथुर जी के निम्नलिखित है :
(1) मंजीर
(2) नाश और निर्माण
(3) धूप के धान
(4) शिलापंख चमकीले
(5) जो बांध नहीं सका काव्य-संग्रह
(6) साक्षी रहे वर्तमान
(7) मैं वक्त के हूँ सामनेगिरिजाकुमार माथुर जी के निम्नलिखित है :
(1) मंजीर
(2) नाश और निर्माण
(3) धूप के धान
(4) शिलापंख चमकीले
(5) जो बांध नहीं सका काव्य-संग्रह
(6) साक्षी रहे वर्तमान
(7) मैं वक्त के हूँ सामने
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
निम्न पंक्तियों में से प्रतीकात्मक पंक्ति छाँटकर उसके स्पष्ट कीजिए –
(1) चलते-चलते जो कभी गिर जाओ।
(2) रात की कोख ही से सुबह जन्म लेती है।
(3) अपनी आँखों में जब भी देखा है।
जानकारी दीजिए:
त्रिवेणी काव्य प्रकार की विशेषताएँ:
(१) ____________
(२) ____________
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
नये स्वर्ग का प्रथम चरण
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
विषम श्रृंखलाएँ
संकल्पना स्पष्ट कीजिए -
युग बंदिनी हवाएँ
आशय लिखिए :
‘‘ऊँची हुई मशाल हमारी......हमारा घर है।’’
‘देश के विकास में युवकों का योगदान’, इस विषय पर अपने विचार लिखिए।
ईश्वर भक्ति तथा प्रेम के आधार पर साखी के प्रथम छह पदों का रसास्वादन कीजिए।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
उसेतो मछुवे पर दया करना चाहिए था।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
तुम जूठेसाबित होगा।
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
तूम नेदीपक जेब मेंक्यों रख लिया?
निम्नलिखित वाक्य शुद्ध करके फिर से लिखिए -
इसकी काम आएगा।
निम्नलिखित पंक्तियों का भावार्थ स्पष्ट कीजिए -
‘‘रचि पिराक, लड्डू, दधि आनौ।
तुमकौं भावत पुरी सँधानौं।।’’
बाल हठ और वात्सल्य के आधार पर सूर के पदों का रसास्वादन कीजिए।
जानकारी दीजिए :
संत सूरदास के प्रमुख ग्रंथ - ____________ ____________
निम्नलिखित असत्य कथनों को कविता के आधार पर सही करके लिखिए –
अब यह आत्मा बलवान और सक्षम हो गई है और छटपटाती छाती को वर्तमान में सताती है।
जाने क्या रिश्ता है, जाने क्या नाता है, जितना भी उँडेलताहूँ, भर-भर फिर आता है,' इन पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।
जीवन में अत्यधिक मोह से अलग होने की आवश्यकता है,इस वाक्य में व्यक्त भाव प्रकट कीजिए।
नई कविता का भाव तथा भाषाई विशेषताओं के आधार पर रसास्वादन कीजिए।
जानकारी दीजिए :
मुक्तिबोध जी का साहित्य।
निम्नलिखित अलंकारों से युक्त पंक्तियाँ लिखिए :
श्लेष-
‘‘यह तो तब था, घास ही पत्थर
पत्थर में प्राण हमनेडाले।।’’
उपर्युक्त पंक्तियों का आशय स्पष्ट कीजिए।
‘विश्वबंधुत्व आज के समय की आवश्यकता’, इसपर अपने विचार लिखिए ।
गिरमिटियों की भावना तथा कवि की संवेदना को समझतेहुए कविता का रसास्वादन कीजिए।
जानकारी दीजिए :
प्रवासी साहित्य की विशेषता -
जानकारी दीजिए :
अन्य प्रवासी साहित्यकारों के नाम -
लिखिए:
कवि ने इनसे सावधान किया है
गजल में प्रयुक्त विरोधाभास वाली दो पंक्तियाँ ढूँढ़कर उनका अर्थ लिखिए।
आधुनिक युग में बढ़ती प्रदर्शन प्रवृत्ति ' विषय पर अपने
विचार लिखिए।