हिंदी
महाराष्ट्र स्टेट बोर्डएसएससी (हिंदी माध्यम) ९ वीं कक्षा

कारण लिखिए। पोषण पदार्थों का परितंत्रीय प्रवाह चक्रीय होता है। - Science and Technology [विज्ञान और प्रौद्योगिकी]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

कारण लिखिए।

पोषण पदार्थों का परितंत्रीय प्रवाह चक्रीय होता है।

टिप्पणी लिखिए

उत्तर

  1. उत्पादक प्राणियाँ मिट्टी से विभिन्न पोषक पदार्थों को प्राप्त करके भोजन तैयार करती हैं। इस प्रक्रिया में, वे अकार्बनिक पदार्थों को कार्बनिक पदार्थों में परिवर्तित करती हैं।
  2. भक्षक ये भोजन खाते हैं। भक्षकों के विभिन्न पोषण स्तरों से भोज्य ऊर्जा को संक्रमित किया जाता है।
  3. जब उत्पादक या भक्षक का जीवन समाप्त हो जाता है, तो उनके शरीर में मौजूद कार्बनिक पदार्थ सजीवों द्वारा मिट्टी में लौट जाते हैं।
  4. साथ ही, प्राणियों के मल-मूत्र आदि को भी विघटित करके उसमें से पोषक द्रव्यों का निर्माण करने का काम विघटक करते हैं। इस तरह, पोषक पदार्थों का पारितंत्रीय प्रवाह चक्र के रूप में होता है।
shaalaa.com
परितंत्र के ऊर्जा प्रवाह
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 7: परितंत्र के ऊर्जा प्रवाह - स्वाध्याय [पृष्ठ ८७]

APPEARS IN

बालभारती Science and Technology [Hindi] 9 Standard Maharashtra State Board
अध्याय 7 परितंत्र के ऊर्जा प्रवाह
स्वाध्याय | Q 3. इ. | पृष्ठ ८७

संबंधित प्रश्न

निम्नलिखित गलत कथन को सही करें तथा उसका पुनर्लेखन करें। अपने कथन का समर्थन कीजिए।

पोषण पदार्थों का परितंत्र में प्रवाह एकदिशीय माना जाता है।


निम्नलिखित गलत कथन को सही करें तथा उसका पुनर्लेखन करें। अपने कथन का समर्थन कीजिए।

परितंत्र की वनस्पतियों को प्राथमिक भक्षक कहा जाता है।


कारण लिखिए।

परितंत्र में ऊर्जा का प्रवाह एकदिशीय होता है।


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर सोदाहरण स्पष्ट कीजिए।

वनस्पतियों से सर्वोच्च भक्षक की ओर ऊर्जा प्रवाहित होते समय ऊर्जा के अनुपात में क्या अंतर दिखाई पड़ता है?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर सोदाहरण स्पष्ट कीजिए।

परितंत्र के ऊर्जाप्रवाह और पोषक द्रव्यों के प्रवाह में क्या अंतर होता है? क्यों?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×