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प्रश्न
मान लीजिए प्रश्न 1.12 में गोले A तथा B साइज में सर्वसम हैं तथा इसी साइज का कोई तीसरा अनावेशित गोला पहले तो पहले गोले के सम्पर्क, तत्पश्चात दूसरे गोले के सम्पर्क में लाकर, अन्त में दोनों से ही हटा लिया जाता है। अब A तथा B के बीच नया प्रतिकर्षण बल कितना है?
उत्तर
माना प्रारम्भ में प्रत्येक गोले ‘A’ व ‘B’ पर अलग-अलग q आवेश है। (q = 6.5 x 10-7 C) माना तीसरा अनावेशित गोला C है।
गोले A व C समान आकार के हैं; अतः परस्पर स्पर्श कराने पर ये कुल आवेश (qA + qC = q + 0) को आधा-आधा बाँट लेंगे।
हटाने के तत्पश्चात् दोनों पर आवेश
q'A = q'C = `("q"_"A" + "q"_"C")/2 = ("q" + 0)/2 = "q"/2`
अब गोला C (आवेश q'C के साथ) गोले B के सम्पर्क में आता है। आकार समान होने के कारण ये दोनों भी कुल आवेश को आधा-आधा बाँट लेंगे।
∴ हटाने के पश्चात् दोनों पर आवेश
q'B = q''C = `("q"_"B" + "q'"_"C")/2 = ("q" + "q"/2)/2 = (3"q")/4`
अतः अब A गोले पर आवेश q'A = `"q"/2`
तथा B गोले पर आवेश q'B = `"3q"/4`
∴ इनके बीच प्रतिकर्षण बल
F = `1/(4piepsion_0) ("q'"_"A" xx "q'"_"B")/"r"^2`
`= 1/(4 piepsilon_0) xx ("q"/2 xx "3q"/4)/"r"^2`
`= 3/8 xx 9 xx 10^9 xx (6.5 xx 10^-7 xx 6.5 xx 106-7)/(0.5)^2`
= 5.7 × 10-3 N
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