हिंदी

मैंने समझा देहात और शहर पाठ से - Hindi (Second/Third Language) [हिंदी (दूसरी/तीसरी भाषा)]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

मैंने समझा देहात और शहर पाठ से 

लघु उत्तरीय

उत्तर

इस पाठ में गाँव और शहर के जीवन की तुलना की गई है। यह पत्रों के माध्यम से दिखाता है कि गाँवों में आधुनिक सुविधाएँ धीरे-धीरे पहुँच रही हैं, लेकिन अभी भी कई समस्याएँ बनी हुई हैं। गाँव में अब डिजिटल तकनीक, मोबाइल, स्वच्छता अभियान और आधुनिक खेती का प्रभाव दिखने लगा है, लेकिन पानी, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी जैसी चुनौतियाँ बनी हुई हैं। दूसरी ओर, शहरों में आधुनिक सुख-सुविधाएँ, रोजगार के अवसर और तकनीकी विकास हैं, लेकिन वहाँ भीड़भाड़, प्रदूषण और आपसी रिश्तों में दूरी जैसी समस्याएँ हैं।

पाठ यह संदेश देता है कि गाँवों के विकास से ही देश का विकास संभव है। यदि गाँवों में शिक्षा, रोजगार और स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा दिया जाए, तो लोगों को शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा।

अंत में, यह पाठ हमें सिखाता है कि गाँव और शहर दोनों की अपनी विशेषताएँ हैं, लेकिन संतुलित विकास के लिए दोनों को साथ मिलकर आगे बढ़ने की जरूरत है।

shaalaa.com
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 3.4: देहात और शहर - अंतःपाठ प्रश्न [पृष्ठ ७४]

APPEARS IN

बालभारती Integrated 7 Standard Part 1 [Marathi Medium] Maharashtra State Board
अध्याय 3.4 देहात और शहर
अंतःपाठ प्रश्न | Q ९. | पृष्ठ ७४
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×