हिंदी

"मेरे पिता जी" पूरक पठन का रचना बोध लिखिए। - Hindi (Second/Third Language) [हिंदी (दूसरी/तीसरी भाषा)]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

"मेरे पिता जी" पूरक पठन का रचना बोध लिखिए।

टिप्पणी लिखिए

उत्तर

प्रस्तुत पाठ के माध्यम से 'बच्चन' जी ने अपने पिता की जीवनशैली, व्यक्तित्व, दृढ़ संकल्प, स्वाभिमान और कर्तव्यनिष्ठा का वर्णन किया है, साथ ही समय, स्थिति और अपने खुद के जीवन में आए संस्कारों और परिवर्तनों को भी प्रभावशाली तरीके से दर्शाया है।

shaalaa.com
मेरे पिता जी
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 2.09: मेरे पिता जी (पूरक पठन) - रचना बोध [पृष्ठ ७६]

APPEARS IN

बालभारती Hindi - Lokbharati 9 Standard Maharashtra State Board
अध्याय 2.09 मेरे पिता जी (पूरक पठन)
रचना बोध | Q (१) | पृष्ठ ७६
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×