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प्रश्न
निम्नलिखित विषय पर संकेत बिंदुओं के आधार पर लगभग 150 शब्दों में अनुच्छेद लिखिए:
पुस्तकें हमारी सच्ची मित्र
- पुस्तकें हमारी सच्ची मित्र क्यों?
- पुस्तकों का हमारे जीवन में महत्त्व
- पुस्तकें ज्ञान का भण्डार
उत्तर
पुस्तकों का हमारे जीवन में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। वे हमेशा हमें सही राह दिखाती हैं। हमारी धार्मिक पुस्तकें, वेद, पुराण आदि सदैव पथ-प्रदर्शक रहे हैं। मनुष्य स्वभाव से ही जिज्ञासु रहा है और अपनी ज्ञान-पिपासा को शांत करने के लिए वह सदैव प्रयासरत रहा है। पहले के समय में उसे ज्ञान की खोज में भटकना पड़ता था, लेकिन आज परिस्थितियाँ बदल गई हैं। अब पुस्तकों के माध्यम से ज्ञानवर्धक सामग्री आसानी से प्राप्त हो जाती है। पुराने समय में छापेखाने और साधनों के अभाव में इतना ज्ञान एकत्र करना संभव नहीं था, परंतु आज हमें देश-विदेश की अनेक जानकारियाँ पुस्तकों के माध्यम से मिनटों में मिल जाती हैं। हमें चाहिए कि पुस्तकों का नियमित अध्ययन करें, क्योंकि इससे हमारे ज्ञान में वृद्धि होती है और हम विषय से संबंधित हर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। जिस तरह शरीर को भोजन की आवश्यकता होती है, उसी तरह मानसिक विकास के लिए पुस्तकों की आवश्यकता होती है।
पुस्तकों का हमारे जीवन में विशेष महत्व है। पुस्तकों के माध्यम से हम न केवल अकेलेपन और नीरसता से छुटकारा पाते हैं, बल्कि समय का सदुपयोग कर मानसिक विकारों से भी दूर रहते हैं। पत्र-पत्रिकाओं के माध्यम से राजनीति, विज्ञान, साहित्य, धर्म, अर्थशास्त्र, चिकित्सा, इतिहास आदि विषयों की अधिक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं, जो हमारे विकास का मार्ग प्रशस्त करती है।
पुस्तकें ज्ञान का भंडार हैं। इनके पठन से हमारी बुद्धि विकसित होती है और हमारे विचारों में निखार आता है। हालाँकि आजकल कुछ पुस्तकें मनोरंजन के नाम पर अश्लीलता परोसती हैं, लेकिन विवेकशील व्यक्ति सदैव ज्ञानवर्धक पुस्तकों का चयन करते हैं। हमें चाहिए कि ऐसी पुस्तकें जो हमारे विचारों और सोच पर नकारात्मक प्रभाव डालती हैं, उनसे दूर रहें। पुस्तकों की थोड़ी-बहुत हानियाँ नगण्य हैं, जबकि उनकी उपयोगिता हमारे जीवन के बहुमुखी विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। अतः हमें सदैव अच्छी पुस्तकों का अध्ययन कर अपने जीवन को एक नई दिशा देनी चाहिए।