Advertisements
Advertisements
प्रश्न
भारत में दल पद्धति के स्वरूप में क्या परिवर्तन हुआ है?
टीपा लिहा
उत्तर
भारत में दल पद्धति के स्वरूप में निम्नलिखित परिवर्तन हुए हैं।
- स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद केंद्र और राज्यों में कांग्रेस ही एक मात्र सशक्त दल था।
- १९७७ ई. में सभी महत्त्वपूर्ण विरोधी दलों ने संगठित होकर कांग्रेस को पराजित किया। इसके परिणामस्वरूप एक दलीय पद्धति के स्थान पर द्विदलीय पद्धति को महत्त्व मिला।
- १९८९ के लोकसभा चुनाव के बाद एक ही दल की सरकार की बात समाप्त हो गई और गठबंधन की सरकार सत्ता में आई।
- प्रांतीय दलों को केंद्र में महत्त्व मिलने के कारण गठबंधन की सरकार में स्थिति आई।
shaalaa.com
भारत में दल पद्धति का बदलता स्वरूप
या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?