Advertisements
Advertisements
प्रश्न
डाल्टन के परमाणु सिद्धांत का कौन-सा अभिग्रहीत द्रव्यमान के संरक्षण के नियम का परिणाम है?
उत्तर
”परमाणु अविभज्य सूक्षतम कण होते है, जो रासायनिक अभिक्रिया में सुजित नहीं होते है तथा उनका विनाश भी नहीं होता है“ - यह है, डाल्टन के परमाणु सिद्धांत का अभिग्रहित द्र्व्यमाण के संरक्षण के नियम का परिणाम है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
निम्न यौगिक के सूत्र इकाई द्रव्यमान का परिकलन कीजिए:
K2CO3
दिया गया है:
- Zn का परमाणु द्रव्यमान = 65 u
- Na का परमाणु द्रव्यमान = 23 u
- K का परमाणु द्रव्यमान = 39 u
- C का परमाणु द्रव्यमान = 12 u एवं
- O का परमाणु द्रव्यमान = 16 u है।
यदि कार्बन परमाणुओं के एक मोल का द्रव्यमान 12 g है तो कार्बन के एक परमाणु का द्रव्यमान क्या होगा?
किस में अधिक परमाणु होंगे: 100g सोडियम अथवा 100 g लोहा (Fe)? (Na का परमाणु द्रव्यमान = 23 u, Fe का परमाणु द्रव्यमान = 56 u)
निम्न का द्रव्यमान क्या होगा:
1 मोल नाइट्रोजन परमाणु?
क्या ताप के साथ पदार्थ की विलेयता परिवर्तित होती है? एक उदाहरण के साथ समझाइए।
निम्नलिखित यौगिक के संयोजी तत्वों का उनके द्रव्यमान के संदर्भ में अनुपात ज्ञात कीजिए (आप परिशिष्ट-III का उपयोग कर सकते हैं) -
MgCl2
निम्नलिखित यौगिक के संयोजी तत्वों का उनके द्रव्यमान के संदर्भ में अनुपात ज्ञात कीजिए (आप परिशिष्ट-III का उपयोग कर सकते हैं) -
प्रत्येक सोडियम परमाणुओं और सोडियम आयनों के 100 मोल द्रव्यमानों में अंतर 5.48002g होता है। एक इलेक्ट्रॉन के द्रव्यमान की गणना कीजिए।
'm'g द्रव्यमान के एक सिल्वर के आभूषण को सिल्वर के 1% द्रव्यमान तुल्य गोल्ड से पॉलिश किया के गया। आभूषण में गोल्ड और सिल्वर के परमाणुओं की संख्याओं के अनुपात को परिकलित कीजिए।
रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए -
एक रासायनिक अभिक्रिया में अभिकारकों और उत्पादों के द्रव्यमानों का योग अपरिवर्तित रहता है। यह ______ कहलाता है।