मराठी

एक पुष्प में निषेचन-पश्च परिवर्तनों की व्याख्या कीजिए। - Biology (जीव विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

एक पुष्प में निषेचन-पश्च परिवर्तनों की व्याख्या कीजिए।

थोडक्यात उत्तर

उत्तर

पुष्प में निषेचन-पश्च परिवर्तन (Post fertilization development in a flower)-पुष्पीय पौधों में दोहरा निषेचन तथा त्रिक संलयन (double fertilization and triple fusion) होता है। इसके फलस्वरूप भ्रूणकोष (embryo sac) में द्विगुणित युग्मनज (zygote) तथा त्रिगुणित प्राथमिक भ्रूणपोष केन्द्रक (primary endospermic nucleus) बनता है। इनसे क्रमशः भ्रूण (embryo) तथा भूणपोष (endosperm) बनता है। भ्रूणपोष विकासशील भ्रूण को पोषण प्रदान करता है। इसके साथ-साथ बीजाण्ड में निम्नलिखित परिवर्तन होते हैं जिसके फलस्वरूप बीजाण्ड से बीज तथा अण्डाशय से फलावरण (pericap) का निर्माण होता है।

  1. बीजाण्डवृन्त – बीजवृन्त बनाता है।
  2. अध्यावरण – बीजावरण बनाता है।
  3. अण्डद्वार – बीजद्वार बनाता है।
  4. बीजाण्डकाय (nucellus) – प्रायः नष्ट हो जाता है, कभी-कभी भोजन संचित होने के कारण पेरिस्पर्म (perisperm) बनाता है।
  5. भ्रूणकोष (embryosac)
    • अण्ड कोशिका (egg cell) – भ्रूण (embryo) बनाती है।
    • सहायक कोशिकाएँ (synergids) – नष्ट हो जाती हैं।
    • प्रतिमुख कोशिकाएँ (antipodal cells) – नष्ट हो जाती हैं।
    • ध्रुवीय केन्द्रक (polar nuclei) – भ्रूणपोष बनाता है।
  6. अण्डाशय की भित्ति – फलभित्ति बनाती है। बीज में भ्रूण सुप्तावस्था में रहता है। बीज चारों ओर से बाह्यकवच तथा अन्त:कवच (testa & tegmen) से बने अध्यावरण से घिरा होता है। भ्रूण बीजपत्रों के मध्य स्थित होता है। फलभित्ति की संरचना के आधार पर फल सरस अथवा शुष्क होते हैं।
shaalaa.com
लैंगिक जनन
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 1: जीवों में जनन - अभ्यास [पृष्ठ १९]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Biology [Hindi] Class 12
पाठ 1 जीवों में जनन
अभ्यास | Q 15. | पृष्ठ १९

संबंधित प्रश्‍न

जनन की अच्छी विधि कौन-सी है और क्यों ?


लैगिक जनन के परिणामस्वरूप बनी सन्तति के जीवित रहने के अच्छे अवसर होते हैं। क्यों? क्या यह कथन हर समय सही होता है?


अलैगिक जनन द्वारा बनी सन्तति लैगिक जनन द्वारा बनी सन्तति से किस प्रकार से भिन्न है?


कायिक प्रवर्धन से आप क्या समझते हैं ? कोई दो उपयुक्त उदाहरण दो।


व्याख्या कीजिए –
प्रजनक चरण


व्याख्या कीजिए –

जीर्णता चरण या जीर्णावस्था।


व्याख्या करके बताएँ कि अर्द्धसूत्री विभाजन तथा युग्मकजनन सदैव अन्तर-सम्बन्धित (अन्तर्बद्ध) होते हैं।


एक द्विलिंगी पुष्प क्या है? अपने आस-पास से पाँच द्विलिंगी पुष्पों को एकत्र कीजिए और अपने शिक्षक की सहायता से इनके सामान्य (स्थानीय) एवं वैज्ञानिक नाम पता कीजिए।


युग्मकजनन एवं भ्रूणोद्भव के बीच अन्तर स्पष्ट कीजिए।


अलैगिक तथा लैगिक जनन के मध्य विभेद स्थापित करो। कायिक जनन को प्रारूपिक अलैगिक जनन क्यों माना गया है ?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×