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प्रश्न
कविता (कह कविराय) में कवि के मतानुसार मनुष्य की विचारधारा निम्न मुद्दे के आधार पर स्पष्ट कीजिए:
ॠण लौटाते समय
उत्तर
कवि का कहना है कि मनुष्य कर्ज लेने के बाद उसे वापस करने की इच्छा नहीं रखता। कर्ज लेने के पश्चात, व्यक्ति अक्सर कर्जदाता से जानबूझकर मनमुटाव कर लेता है ताकि उसे रकम वापस न करनी पड़े। समय बीतने के साथ, कर्जदार कभी-कभी कर्ज देने वाले के हिसाब को भी गलत बता देता है। इस प्रकार, कर्ज चुकाने के दौरान मनुष्य विभिन्न प्रकार के बहाने बनाता है।
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समानता | अंतर | कवि की दृष्टि से | |
कौआ | |||
कोकिल |
कविता (कह कविराय) में कवि की दृष्टि से मित्र की परिभाषा -
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आकृति:
कविता (कह कविराय) में कवि के मतानुसार मनुष्य की विचारधारा निम्न मुद्दे के आधार पर स्पष्ट कीजिए:
ॠण लेते समय