मराठी

मूक प्राणी मनुष्य से कम संवेदनशील नहीं होते। पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए। - Hindi Course - A

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

मूक प्राणी मनुष्य से कम संवेदनशील नहीं होते। पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए।

टीपा लिहा

उत्तर

मूक प्राणी भी संवेदनशील होते हैं, उन्हें भी स्नेह की अनूभूति होती है। पाठ में रविन्द्रनाथ जी के कुत्ते के कुछ प्रसंगों से यह बात स्पष्ट हो जाती है -

  1. जब कुत्ता रविन्द्रनाथ के स्पर्श को आँखे बंद करके अनुभव करता है, तब ऐसा लगता है मानों उसके अतृप्त मन को उस स्पर्श ने तृप्ति मिल गई हो।
  2. रविन्द्रनाथ कि मृत्यु पर उनके चिता भस्म के कलश के सामने वह चुपचाप बैठा रहा तथा अन्य आश्रमवासियों के साथ गंभीर भाव से उत्तरायण तक गया।
shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 9 A)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 8: एक कुत्ता और एक मैना - प्रश्न अभ्यास [पृष्ठ ८४]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Kshitij Part 1 Class 9
पाठ 8 एक कुत्ता और एक मैना
प्रश्न अभ्यास | Q 2 | पृष्ठ ८४

संबंधित प्रश्‍न

'अच्छा है, कुछ भी नहीं। कलम थी, वह भी चोरी चली गई। अच्छा है, कुछ भी नहीं—मेरे पास।' - मूवी कैमरा, टेप रिकॉर्डर आदि की तीव्र उत्कंठा होते हुए भी लेखक ने अंत में उपर्युक्त कथन क्यों कहा?


यदि उमा की स्थिति कम पढ़ी-लिखी लड़कियों जैसी होती तो एकांकी का अंत किस तरह अलग होता?


माटी वाली का रोटियों का इस तरह हिसाब लगाना उसकी किस मजबूरी को प्रकट करता है?


आज माटी वाली बुड्ढे को कोरी रोटियाँ नहीं देगी - इस कथन के आधार पर माटी वाली के हृदय के भावों को अपने शब्दों में लिखिए।


चोर से कहाँ गलती हुई कि सारा अनुमान लगाकर घुसने पर भी वह पकड़ा गया? ‘मेरे संग की औरतें’ पाठ के आधार पर लिखिए।


वह ऐसी कौन सी बात रही होगी जिसने लेखक को दिल्ली जाने के लिए बाध्य कर दिया?


मृत्यु की गोद में सोए सालिम अली की तुलना किससे की गई है और क्यों?


नाना साहब कौन थे?


‘मैना अपने महल से बहुत लगाव रखती थी’ सप्रमाण स्पष्ट कीजिए।


आपकी दृष्टि में वेश-भूषा के प्रति लोगों की सोच में आज क्या परिवर्तन आया है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×