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प्रश्न
आतंकवाद
उत्तर
आतंकवाद
आतंकवाद हिंसा का एक गैर-कानूनी तरीका है जो लोगों को डराने के लिये आतंकवादियों द्वारा प्रयोग किया जाता है। आज, आतंकवाद एक सामाजिक मुद्दा बन चुका है। इसका इस्तेमाल आम लोगों और सरकार को डराने-धमकाने के लिये हो रहा है। बहुत आसानी से अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिये विभिन्न सामाजिक संगठन, राजनीतिज्ञ और व्यापारिक उद्योगों के द्वारा आतंकवाद का इस्तेमाल किया जा रहा है। लोगों का समूह जो आतंकवाद का समर्थन करते हैं उन्हें आतंकवादी कहते हैं।
आतंकवाद एक ऐसी समस्या जिसने न केवल भारत अपितु पूरे विश्व को अपने लपेटे में ले रखा है। जब हम बात अपने भारत की करते हैं तो हम पाते हैं कि आतंकवाद से हमारा देश बुरी तरह से प्रभावित है। पिछले कई वर्षो में हुए भारत में आतंकवादी हमलों ने देश में रह रहे नागरिकों को झकझोर के रख दिया वह फिर चाहे 26/11 का आतंकवादी हमला हो या दिल्ली के बम धमाके हो या पुलवामा का आतंकवादी हमला, इन लोगों ने हमारे घर बर्बाद किए हैं किसी के हाथों की कलाई सुनी हो गई तो किसी के घर का चिराग बुझ गया, जब कभी भी मैं इन बेबस लोगों की कहानी सुनती हूं तो स्वयं पर इतना गुस्सा आता है कि हम क्या इन चंद लोगों के सामने इतना बेबस हो जाते हैं तब यही ख्याल आता है कि 70 वर्ष पूर्व की गई एक गलती का परिणाम हम सबको अपनी जान देकर चुकाना पड़ रहा है। हालांकि वर्तमान केंद्र सरकार ने इस तरफ बहुत ही प्रशंसनीय कार्य किया है।
आंतकवाद की समस्याओं का मुख्य कारण है जनसंख्या वृद्धि, अशिक्षा, पैसो की कमी के कारण बुरे रास्तों का लोग अनुकरण करने लगते है। गलत समूहों के बहकावे में आकर लोग अपना होश खो देते है। इसके अलावा भी आंतकवाद के अन्य कारण हो सकते है, जैसे भ्रष्टाचार, जातिवाद, हिन्दू मुस्लिम जाति के बीच धर्म को लेकर दंगे को हवा देना इत्यादि। भारत में कई धर्मो के लोग निवास करते है। कुछ धार्मिक गुरु लोगो को धर्म के जाल में फंसाकर , एक दूसरे को एक दूसरे के खिलाफ उकसाते है। यह झुण्ड धार्मिक शिक्षाओं का दावा करके , लोगो के मन में भ्रम की स्थिति उतपन्न करते है, जिससे यह दंगे फसाद का रूप धारण कर लेते है। कश्मीर में आये दिन आतंकवादी हमले हो रहे है। पाकिस्तान आये दिन भारत को आगे बढ़ता देख सह नहीं पाता है और हर बार आंतकवादी गतिविधियों को अंजाम देता है और इस साल हर दफा सिज़ फायर का उल्लंघन करते हुए पाया गया है। भारत का स्वर्ग कहलानेवाला राज्य कश्मीर की खूबसूरती को दहसत गरो ने अपनी चपेट में ले लिया है। पाकिस्तान कश्मीर को हड़पने के लिए इस प्रकार की आतंकवादी गतिविधियों को कई दशकों से अंजाम दे रहा है। धारा 370 कश्मीर से हटाकर अब कश्मीर केंद्र शासित राज्य बन गया है शायद इससे आतंकवाद को काफी हद तक रोका जा सकेगा।
आज विश्व के अधिकांश देश आतंकवाद को समाप्त करने के लिए सजग हो उठे हैं, किंतु दुर्भाग्य से अब भी कई ऐसे देश हैं, जो आतंकवादियों की मुक्तस्थली बने हुए हैं। निश्चय ही इस प्रकार के देशों की निंदा की जानी चाहिए। आतंकवाद के विरुद्ध त्वरित तथा प्रभावी कार्यवाही की आवश्यकता है, ताकि जनसाधारण में व्याप्त भय और अनिश्चितता की भावना को समाप्त किया जा सके और उन्हें सुरक्षा प्रदान की जा सके।