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प्रश्न
नीचे दिए गए विद्युत निर्मिती केंन्द्रों में क्रमशः होनेवाले ऊर्जा के रूपांतरण को स्पष्ट कीजिए।
जल विद्युत निर्मिती केन्द्र
उत्तर
बहते हुए पानी में गतिज ऊर्जा होती है। संग्रह किए गए पानी में स्थितिज ऊर्जा होती है। जलविद्युत निर्मिती केन्द्र बाँध के समीप होता है। बाँध (जलाशय) में संचित किए गए पानी की स्थितिज ऊर्जा का रूपांतरण गतिशील पानी के द्वारा गतिज ऊर्जा में किया जाता है। यह बहता हुआ गतिशील पानी पाइप के द्वारा बाँध की तलहटी में स्थित टर्बाइन तक लाया जाता है। गतिशील पानी में स्थितिज गतिज ऊर्जा के कारण टर्बाइन घुमता है। इस कारण टर्बाइन से जुड़े हुए जनित्र के घुमने के कारण विद्युत निर्मिती होती है।
जलविद्युत केंद्र में से ऊर्जा रूपांतरण-
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- टर्बाइन तक पानी ले जाने वाला मार्ग बिंदु C स्थान से शुरू हुआ तो विद्युत निर्मिती पर क्या प्रभाव होगा?