Advertisements
Advertisements
प्रश्न
निम्न में से प्रत्येक स्थिति में m द्रव्यमान के एक पिंड पर एक बल F लग रहा है। विस्थापन की दिशा पश्चिम से पूर्व की ओर है जो एक लंबे तीर से प्रदर्शित की गई है। चित्रों को ध्यानपूर्वक देखिए और बताइए कि किया गया कार्य ऋणात्मक है, धनात्मक है या शून्य है।
उत्तर
- किया गया कार्य शून्य है क्योंकि बल विस्थापन के लंबवत कार्य करता है।
कोण θ पर किया गया कार्य = F × s × cosθ
W = F × s × cos90∘ - किया गया कार्य धनात्मक है क्योंकि वस्तु का विस्थापन लगाए गए बल की दिशा में होता है।
- किया गया कार्य ऋणात्मक है क्योंकि वस्तु का विस्थापन लगाए गए बल की विपरीत दिशा में होता है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
किसी वस्तु पर 7 N का बल लगता है। मान लीजिए बल की दिशा में विस्थापन 8 m है (चित्र)। मान लीजिए वस्तु के विस्थापन के समय लगातार वस्तु पर बल लगता रहता है। इस स्थिति में किया हुआ कार्य कितना होगा?
हम कब कहते हैं कि कार्य किया गया है?
जब किसी वस्तु पर लगने वाला बल इसके विस्थापन की दिशा में हो तो किए गए कार्य का व्यंजक लिखिए।
निम्न क्रियाकलाप को ध्यान से देखिए। अपनी कार्य शब्द की व्याख्या के आधार पर तर्क दीजिए कि इसमें कार्य हो रहा है अथवा नहीं।
सूमा एक तालाब में तैर रही है।
कोई लड़की अपनी पीठ पर 3 kg द्रव्यमान का बस्ता उठाए किसी समतल सड़क पर 300m की दूरी तय करती है। उसके द्वारा गुरुत्वाकर्षण बल के विरुद्ध किया जाने वाला कार्य होगा (g = 10ms-2)
किसी पिंड पर किया गया कार्य निम्नलिखित में किस पर निर्भर नहीं करता?
क्या यह संभव है कि कोई पिंड बाह्य बल लगने के कारण त्वरित गति की अवस्था में तो होपरंतु उस पर बल द्वारा कोई कार्य न हो रहा हो। उदाहरण देकर स्पष्ट कीजिए।
ट्रॉली 35 kg द्रव्यमान की एक लड़की 5 kg द्रव्यमान की एक ट्रॉली पर बैठी है। ट्रॉली पर बल लगाकर इसे 4m s-1 का आरंभिक वेग प्रदान किया जाता है -
- ट्रॉली पर कितना कार्य किया गया है?
- लड़की ने कितना कार्य किया है?
वाक्य के नीचे दिए गए योग्य विकल्प चुनकर निम्नलिखित वाक्य स्पष्टीकरण के साथ लिखिए।
पिंड पर किया गया कार्य ______ पर निर्भर नहीं होता।
रवि द्वारा एक पुस्तक पर 10 N बल लगाने से उस पुस्तक का बल की दिशा में 30 सेमी विस्थापन हुआ तो रवि द्वारा किया गया कार्य ज्ञात कीजिए।