मराठी

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए- इस पाठ में लेखक ने समूची शिक्षा के किन तौर-तरीकों पर व्यंग्य किया है? क्या आप उनके विचार से सहमत हैं? - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए-

इस पाठ में लेखक ने समूची शिक्षा के किन तौर-तरीकों पर व्यंग्य किया है? क्या आप उनके विचार से सहमत हैं?

टीपा लिहा

उत्तर

मैं लेखक द्वारा 'बड़े भाई साहब' पाठ में शिक्षा पर किए गए व्यंग्य से पूरी तरह सहमत हूँ, क्योंकि इस प्रकार की स्कूल प्रणाली बच्चों की व्यक्तिगत पहचान को नष्ट कर देती है और उन्हें स्वाभाविक रूप से विकसित होने से रोकती है।

पाठ में कहा गया है कि:

  1. शिक्षा-प्रणाली बच्चों के लिए व्यावहारिक शिक्षा को पूरी तरह से नजर अंदाज करती है।
  2. बच्चों के ज्ञान और कौशल को बेहतर बनाने के बजाय उन्हें रटने की प्रणाली के लिए प्रशिक्षित करने पर जोर दिया जाता है, जो बिल्कुल अनुचित है।
  3. परीक्षा प्रणाली में सांख्यिकी को महत्वपूर्ण माना जाता है। शिक्षा प्रणाली विद्यार्थियों के समग्र विकास पर कोई ध्यान नहीं देती है।
shaalaa.com
बड़े भाई साहब
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 2.1: बड़े भाई साहब - लिखित (ख) [पृष्ठ ६४]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Sparsh Part 2 Class 10
पाठ 2.1 बड़े भाई साहब
लिखित (ख) | Q 2 | पृष्ठ ६४

संबंधित प्रश्‍न

निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-दो पंक्तियों में दीजिए -

बड़े भाई साहब छोटे भाई से हर समय पहला सवाल क्या पूछते थे?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-दो पंक्तियों में दीजिए -

बड़े भाई साहब छोटे भाई से उम्र में कितने बड़े थे और वे कौन-सी कक्षा में पढ़ते थे?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (25-30 शब्दों में) लिखिए -

छोटे भाई ने अपनी पढ़ाई का टाइम-टेबिल बनाते समय क्या-क्या सोचा और फिर उसका पालन क्यों नहीं कर पाया?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (25-30 शब्दों में) लिखिए -

एक दिन जब गुल्ली-डंडा खेलने के बाद छोटे भाई बड़े भाई साहब के सामने पहुँचा तो उनकी क्या प्रतिक्रिया हुई?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (25-30 शब्दों में) लिखिए -

बड़े भाई साहब छोटे भाई को क्या सलाह देते थे और क्यों?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (25-30 शब्दों में) लिखिए -

छोटे भाई ने बड़े भाई साहब के नरम व्यवहार का क्या फ़ायदा उठाया?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए -

बड़े भाई की डाँट-फटकार अगर न मिलती, तो क्या छोटा भाई कक्षा में अव्वल आता? अपने विचार प्रकट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए -

बड़े भाई साहब के अनुसार जीवन की समझ कैसे आती है?


निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए -

बताइए पाठ के किन अंशों से पता चलता है कि −

भाई साहब के भीतर भी एक बच्चा है।


निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए 

बुनियाद ही पुख्ता न हो तो मकान कैसे पायेदार बने?


शिक्षा रटंत विद्या नहीं है-इस विषय पर कक्षा में परिचर्चा आयोजित कीजिए।


कहानी में जिंदगी से प्राप्त अनुभवों को किताबी ज्ञान से ज्यादा महत्त्वपूर्ण बताया गया है। अपने माता-पिता बड़े भाई-बहिनों या अन्य बुजुर्ग/बड़े सदस्यों से उनके जीवन के बारे में बातचीत कीजिए और पता लगाइए कि बेहतर ढंग से जिंदगी जीने के लिए क्या काम आया-समझदारी/पुराने अनुभव या किताबी पढ़ाई?


‘मुझे देखकर भी सबक नहीं लेते’-ऐसा कहकर भाई साहब लेखक को क्या बताना चाहते थे?


डाँट-फटकार लगाते भाई साहब लेखक को क्या-क्या सलाह दे डालते थे? उनके ऐसे व्यवहार को आप कितना उचित समझते हैं?


लेखक अपने ही बनाए टाइम-टेबिल पर अमल क्यों नहीं कर पाता था?


बड़े भाई साहब ने लेखक का घमंड दूर करने के लिए क्या उपाय अपनाया?


भाई साहब भले ही फेल होकर एक कक्षा में दो-तीन साल लगाते थे पर उनकी सहज बुधि बड़ी तेज़ थी। स्पष्ट कीजिए।


गद्य खंड पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में दीजिए -

'बड़े भाई साहब' कहानी का बड़ा भाई शिक्षा को 'रटंत ज्ञान' और 'बे-सिर-पैर की बातें' मानता है जिनका व्यावहारिक जीवन में कोई अर्थ नहीं, इस संदर्भ में आपके क्या विचार हैं? तर्कपूर्ण उत्तर दीजिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×