English

अभिकथन: उभयदंती लिगंडों वाले उपसहसंयोजन यौगिकों में बंधनी समावयवता होती है। तर्क: उभयदंती लिगंडों में दो भिन्न दाता परमाणु होते हैं। - Chemistry (रसायन विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

Question

अभिकथन: उभयदंती लिगंडों वाले उपसहसंयोजन यौगिकों में बंधनी समावयवता होती है।

तर्क: उभयदंती लिगंडों में दो भिन्न दाता परमाणु होते हैं।

Options

  • अभिकथन और तर्क दोनों सही हैं और तर्क अभिकथन का सही स्पष्टीकरण है।

  • अभिकथन और तर्क दोनों सही कथन हैं परंतु तर्क अभिकथन का स्पष्टीकरण नहीं है।

  • अभिकथन सही है परंतु तर्क गलत कथन है।

  • अभिकथन गलत है परंतु तर्क सही कथन है।

MCQ

Solution

अभिकथन और तर्क दोनों सही हैं और तर्क अभिकथन का सही स्पष्टीकरण है।

स्पष्टीकरण:

लिंकेज समावयवता उपसहसंयोजन यौगिकों में उत्पन्न होता है जिसमें उभयलिंगी लिगंड होते हैं। एंबीडेट लिगंड में दो अलग-अलग दाता परमाणु होते हैं।

shaalaa.com
उपसहसंयोजन यौगिकों में समावयवता
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 9: उपसहसंयोजन यौगिक - अभ्यास [Page 136]

APPEARS IN

NCERT Exemplar Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 9 उपसहसंयोजन यौगिक
अभ्यास | Q V. 43. | Page 136

RELATED QUESTIONS

उपसहसंयोजन यौगिकों के लिए संभावित विभिन्न प्रकार की समावयवताओं को सूचीबद्ध कीजिए तथा प्रत्येक का एक उदाहरण दीजिए।


उभयदंती लिगंड के कारण उपसहसंयोजन यौगिक समावयवता दर्शाते हैं। पैलेडियम के [Pd(C6H5)2(SCN)2] और [Pd(C6H5)2(NCS)2] संकुल हैं ______।


[Cr(H2O)6]Cl3 (बैंगनी) और [Cr(H2O)5Cl]Cl2⋅H2O (सलेटी-हरा) के बीच कौन-से प्रकार की समावयवता पाई जाती है?


निम्नलिखित में से ध्रुवण घूर्णक यौगिकों को पहचानिए।

(i) [Co(en)3]3+

(ii) विपक्ष - [Co(en)2Cl2]+

(iii) समपक्ष - [Co(en)2Cl2]+

(iv) [Cr(NH3)5Cl]


निम्नलिखित में से कौन-से संकुल बंधनी समावयवता प्रदर्शित करते हैं?

(i) [Co(NH3)5(NO2)]2+

(ii) [Co(H2O)5CO]3+

(iii) [Cr(NH3)5SCN]2+

(iv) [Fe(en)2Cl2]+


समान ज्यामिती वाले यौगिकों का चुंबकीय आघूर्ण भिन्न क्यों होता है?


जब उभयदंती लिगंड केंद्रीय धातु आयन से जुड़े होते हैं तो कौन-सी समावयवता संभव है? उभयदंती लिगंडों के दो उदाहरण दीजिए।


कॉलम I में दी गई संकुल स्पीशीज़ और कॉलम II में दिए गए समावयवता के प्रकारों को सुमेलित कीजिए और सही कोड प्रदान कीजिए।

कॉलम I (संकुल स्पीशीज़) कॉलम II (समावयवता)
(A) [Co(NH3)4Cl2]+ (1) ध्रुवण
(B) समपक्ष–[Co(en)2Cl2]+ (2) आयनन
(C) [Co(NH3)5(NO2)]Cl2 (3) उपसहसंयोजन
(D) [Co(NH3)6][Cr(CN)6] (4) ज्यामितीय
  (5) बंधनी

अभिकथन: ​MX6 और MX5L प्रकार के संकुल (X और L एकदंती हैं) ज्यामितीय समावयवता प्रदर्शित नहीं करते।

तर्क - उपसहसंयोजन संख्या 6 वाले संकुल ज्यामितीय समावयवता नहीं दशाते।


CoSO4Cl.5NH3 के दो समावयवी (A) और (B) होते हैं। समावयवी (A), AgNO3 से अभिक्रिया कर श्वेत अवक्षेप देता हैं परंतु BaCl2 से अभिक्रिया नहीं करता। समावयवी (B), BaCl2 से अभिक्रिया कर श्वेत अवक्षेप देता है, परंतु AgNO3 से अभिक्रिया नहीं करता। निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए।

  1. A और B को पहचानिए और उनके संरचना सूत्र लिखिए।
  2. सम्मिलित समावयवता का प्रकार लिखिए।
  3. A और B के IUPAC नाम लिखिए।

Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×