Advertisements
Advertisements
Question
भाव स्पष्ट कीजिए -
सभी दिशाओं में यमराज के आलीशान महल हैं
और वे सभी में एक साथ
अपनी दहकती आँखों सहित विराजते हैं
Solution
आज हम संसार के सभी कोने में असुरक्षित हैं। आतंक तथा हिंसा ने यमराज के रुप में आज संपूर्ण सृष्टि पर अपना कब्जा कर लिया है। केवल यमराज का चेहरा बदल गया है। वह आज नए-नए रुपों में हमारे प्राण लेने के लिए सर्वत्र हैं।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
'मानसरोवर' से कवि का क्या आशय है?
नाव किसका प्रतीक है? कवयित्री उसे कैसे खींच रही है?
रसखान ने ऐसा क्यों कहा है, ‘जो पसु हौं तो कहा बस मेरो’?
भाव स्पष्ट कीजिए -
मृदुल वैभव की रखवाली-सी, कोकिल बोलो तो!
कवि के स्मृति-पटल पर कोयल के गीतों की कौन सी मधुर स्मृतियाँ अंकित हैं, जिन्हें वह अब नष्ट करने पर तुली है?
निम्नलिखित शब्दों के तत्सम रूप लिखिए -
पखापखी, अनत, जोग, जुगति, बैराग, निरपख
इस कविता में जिस गाँव का चित्रण हुआ है वह भारत के किस भू-भाग पर स्थित है?
‘ग्राम श्री’ कविता के आधार पर बताइए कि आकाश कैसा दिखाई दे रहा है?
कविता में कवि ने आकाश में बादल और गाँव में मेहमान (दामाद) के आने का जो रोचक वर्णन किया है, उसे लिखिए।
‘यमराज की दिशा’ कविता में कवि दक्षिण दिशा में दूर तक गया फिर भी वह यमराज का घर क्यों नहीं देख पाया?