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एक यौगिक दो तत्त्वों M तथा N से बना है। तत्त्व N, ccp संरचना बनाता है और M के परमाणु चतुष्फलकीय रिक्तियों के 1/3 भाग को अध्यासित करते हैं। यौगिक का सूत्र क्या है। - Chemistry (रसायन विज्ञान)

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Question

एक यौगिक दो तत्त्वों M तथा N से बना है। तत्त्व N, ccp संरचना बनाता है और M के परमाणु चतुष्फलकीय रिक्तियों के 1/3 भाग को अध्यासित करते हैं। यौगिक का सूत्र क्या है।

Numerical

Solution

माना ccp में N परमाणु = n

∴ चतुष्फलकीय रिक्तियों की संख्या = 2n

चूँकि M परमाणु चतुष्फलकीय रिक्तियों का 1/3 भाग घेरते हैं।

अतः M परमाणुओं की संख्या = s = 2 = `(2"n")/3`

M : N = s = 2 = `(2"n")/3` : n = 2 : 3

अत: सूत्र M2N2 होगा।

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निविड संकुलित सांरचना
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Chapter 1: ठोस अवस्था - पाठ्यनिहित प्रश्न [Page 23]

APPEARS IN

NCERT Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 1 ठोस अवस्था
पाठ्यनिहित प्रश्न | Q 1.15 | Page 23

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  1. जब प्रथम परत की त्रिकोणीय रिक्ति के ऊपर द्वितीय परत के गोले उपस्थित होते हैं तो चतुष्फलकीय रिक्ति बनती है।
  2. सभी त्रिकोणीय रिक्तियाँ, द्वितीय परत के गोलों द्वारा आच्छादित नहीं होतीं।

  3. जब द्वितीय परत की त्रिकोणीय रिक्तियाँ, प्रथम परत की त्रिकोणीय रिक्तियों के ठीक ऊपर हों और इन रिक्तियों की त्रिकोणीय आकतियाँ अतिव्यापित न हों तो चतुष्फलकीय रिक्तियाँ बनती हैं।
  4. जब द्वितीय परत की त्रिकोणीय रिक्तियाँ प्रथम परत की समान रिक्तियों के साथ अतिव्यापक करती हैं तो अष्टफलकीय रिक्तियाँ बनती हैं।

फ़्रेंकेल दोष को यह भी कहते हैं-

  1. स्टॉइकियोमीट्री दोष
  2. प्रभ्रंश दोष
  3. अशुद्ध दोष
  4. नॉन-स्टॉइकियोमीट्री दोष

कॉलम I में दिए गए संकुलन के प्रकारों को कॉलम II में दिए गए मदों से सुमेलित कीजिए-

कॉलम I कॉलम II
(i) द्विविमा में वर्गीय निविड संकुलन (a) त्रिकोणीय रिक्ति
(ii) द्विविमा में षट्कोणीय निविड संकुल (b) प्रत्येक चौथी परत में गोलों का पैटर्न पुनरावृत्त होता है।
(iii) त्रिविमा में षट्कोणीय निविड संकुलन (c) उपसहसंयोजन संख्या 4
(iv) त्रिविमा में घनीय निविड संकुलन 

(d) एकान्तर परत में गोलों का पैटर्न पुनरावृत्त होता है ।


दर्शाइए कि घनीय निविड संकुलित संरचना में प्रति एकक कोष्ठिका आठ चतुष्फलकीय रिक्तियाँ उपस्थित होती हैं।


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