Advertisements
Advertisements
Question
इओसिन रंजक की उपस्थिति में श्वेत रंग का सिल्वर हैलाइड का अवक्षेप रंगीन क्यों हो जाता है?
Solution
सिल्वर हैलाइड की सतह एक अच्छे अधिशोषक के रूप में कार्य करती है। यह ईओसिन डाई के पिगमेंट को सोख सकता है, जो रंगीन होता है। इस प्रकार सिल्वर हैलाइड रंगीन दिखाई देता है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
ताप बढ़ने पर भौतिक अधिशोषण क्यों घटता है?
अधिशोषण एवं अवशोषण शब्दों (पदों) के तात्पर्य में विभेद कीजिए। प्रत्येक का एक उदाहरण दीजिए।
अधिशोषक के सक्रियण से आप क्या समझते हैं? यह कैसे प्राप्त किया जाता है?
विलयन में से अधिशोष्य के अधिशोषण की मात्रा बढती है ______।
भौतिक अधिशोषण में अधिशोषक किसी एक गैस के लिए विशिष्टता प्रदर्शित नहीं करता, क्योंकि ______।
निम्नलिखित में से कौन-सा प्रक्रम सॉल कणों पर विद्युत् आवेश की उपस्थिति के लिए उत्तरदायी नहीं है?
निम्नलिखित में से कौन-सी परिघटनाएँ चित्र में दिखाए प्रक्रम पर लागू होती हैं?
फ्रॉयन्डलिक अधिशोषण समतापी को `x/m = k p^(1/"n")` व्यंजक द्वारा दिया जाता है। इस व्यंजक से निम्नलिखित में से कौन-से परिणाम निकलते हैं?
- जब `1/"n" = 0`, तो अधिशोषण पर दाब का प्रभाव नहीं पड़ेगा।
- जब `1/"n" = 0` तो अधिशोषण दाब के अनुक्रमानुपाती होगा।
- जब n = 0, तो `x/"m"` और p के मध्य ग्राफ़ x -अक्ष के समांतर एक रेखा होती है।
- जब n = 0, तो `x/"m"` और p के मध्य ग्राफ़ एक वक्र होता है।
आसानी से द्रवित हो जाने वाली गैसों की तुलना में H2 गैस सक्रियित चारकोल पर बहुत कम सीमा तक अधिशोषित होती है, जिसका कारण है-
- अति प्रबल वान्डरवाल्स अन्योन्यक्रिया
- अति दुर्बल वान्डरवाल्स बल
- अति निम्न क्रांतिक ताप
- अति उच्च क्रांतिक ताप
क्या बुखार के समय शरीर के पाचन जैसे जैव कार्य प्रभावित होते हैं? अपना उत्तर स्पष्ट कीजिए।