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Question
जैविक कृषि के लाभ और सीमाएँ स्पष्ट करें।
Answer in Brief
Solution
- लाभ -
- जैविक कृषि महँगे आगतों जैसे संकर बीजों, रासायनिक उर्वरकों, कीटनाशकों आदि के स्थान पर स्थानीय रूप से बने जैविक आगतों के प्रयोग पर निर्भर होती है।
- ये आगते सस्ती होती हैं और इसके कारण इन पर निवेश से प्रतिफल अधिक मिलता है।
- विश्व बाजारों में जैविक कृषि उत्पादों की बढ़ती हुई माँग के कारण इनके निर्यात से भी अच्छी आय हो सकती है।
- जैविक कृषि हमें परंपरागत कृषि की तुलना में अधिक स्वास्थ्यकर भोजन उपलब्ध कराती है।
- ये उत्पाद पर्यावरण की दृष्टि से धारणीय विधियों द्वारा उत्पादित होते हैं।
- यह छोटे किसानों के लिए अधिक उपयुक्त हैं जो महँगे कीटनाशक, उर्वरक तथा अन्य आगतों का खर्च नहीं उठा सकते।
- सीमाएँ -
- प्रारंभिक वर्षों में जैविक कृषि की लागत रासायनिक कृषि से उच्च रहती है।
- जैविक कृषि की लोकप्रियता के लिए नई विधियों का प्रयोग करने में किसानों की इच्छाशक्ति और जागरूकता जगाना आवश्यक है।
- इन उत्पादों के लिए अलग से कोई उचित आधारिक संरचना एवं विपणन सुविधाओं की कमी है। जैविक कृषि के लिए एक उपयुक्त कृषि नीति अपनाई जानी चाहिए।
- प्रारंभिक वर्षों में जैविक कृषि से उत्पादन, रासायनिक कृषि से उत्पादकता से कम होता है। अत: बहुत बड़े स्तर पर छोटे और सीमांत किसानों के लिए इसे अपनाना कठिन होता है।
- बे मौसमी फसलों का जैविक कृषि में उत्पादन बहुत सीमित होता है।
- जैविक रूप से उत्पादित खाद्य पदार्थ महँगे होते हैं। अत: भारत जैसे गरीब देश इसका वहन नहीं कर सकता।
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धारणीय विकास और जैविक कृषि
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