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Question
काव्य खंड पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न को ध्यानपूर्वक पढ़कर प्रश्न के उत्तर लगभग 40 शब्दों में लिखिए:
'उषा' कविता में 'राख से लीपा हुआ चौका (अभी गीला पड़ा है)' से क्या अभिप्राय है?
Short Answer
Solution
'उषा' कविता में 'राख से लीपा हुआ चौका (अभी गील पड़ा है)' का अर्थ भोर के समय के आकाश से है। जैसे रसोईघर का आँगन गोबर और मिट्टी के मिश्रण से लीपा जाता है और गीले रूप में पीला दिखता है, वैसे ही भोर के समय आकाश नीले शंख के समान प्रतीत होता है, मानो किसी ने उसे राख से लीपकर गीला छोड़ दिया हो।
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