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"कोको की माँ ने कल दुकान से एक फूलदान खरीदा था।"ऊपर लिखे वाक्य में जिन शब्दों के नीचे रेखा खिंची है वे वाक्य में शब्दों को आपस में संबंध बताते हैं। - Hindi (हिंदी)

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Question

"कोको की माँ ने कल दुकान से एक फूलदान खरीदा था।"
ऊपर लिखे वाक्य में जिन शब्दों के नीचे रेखा खिंची है वे वाक्य में शब्दों को आपस में संबंध बताते हैं। नीचे एक मजेदार किताब “अनारको के आठ दिन” का एक अंश दिया गया है। उसके खाली स्थानों में इस प्रकार के सही शब्द लिखो।

अनारको एक लड़की है। घर ______ लोग उसे अन्नो कहते हैं। अन्नो नाम छोटा जो है, सो उस ______ हुक्म चलाना आसान होता है। अन्नो, पानी ले आ, अन्नो धूप में मत जाना, अन्नो बाहर अँधेरा है-कहीं मत जा, बारिश ______ भीगना मत, अन्नो! और कोई बाहर ______ घर में आए तो घर वाले कहेंगे-ये हमारी अनारको है, प्यार से हम इसे अन्नो कहते हैं। प्यार ______ हुँ-ह-ह!

आज अनारको सुबह सोकर उठी तो हाँफ रही थी। रात सपने ______ बहुत बारिश हुई। अनारको ______ याद किया और उसे लगा, आज ______ सपने ______ जितनी बारिश हुई उतनी तो पहले के सपनों ______ कभी नहीं हुई। कभी नहीं। जमके बारिश हुई थी आज ______ सपने ______ और जमकर उसमें भीगी थी अनारको। खूब उछली थी, कूदी थी, चारों तरफ पानी छिटकाया था और खूब-खूब भीगी थीं।

Answer in Brief

Solution

अनारको एक लड़की है। घर के लोग उसे अन्नो कहते हैं। अन्नो नाम छोटा जो है, सो उस से हुक्म चलाना आसान होता है। अन्नो, पानी ले आ, अन्नो धूप में मत जाना, अन्नो बाहर अँधेरा है-कहीं मत जा, बारिश में भीगना मत, अन्नो! और कोई बाहर से घर में आए तो घर वाले कहेंगे-ये हमारी अनारको है, प्यार से हम इसे अन्नो कहते हैं। प्यार से हुँ-ह-ह!

आज अनारको सुबह सोकर उठी तो हाँफ रही थी। रात सपने में बहुत बारिश हुई। अनारको ने याद किया और उसे लगा, आज के सपने में जितनी बारिश हुई उतनी तो पहले के सपनों में कभी नहीं हुई। कभी नहीं। जमके बारिश हुई थी आज के सपने में और जमकर उसमें भीगी थी अनारको।

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चावल की रोटियाँ
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Chapter 11: चावल की रोटियाँ - चावल की रोटियाँ [Page 92]

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NCERT Hindi - Rimjhim Class 5
Chapter 11 चावल की रोटियाँ
चावल की रोटियाँ | Q 1. | Page 92

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एक सादा कमरा, दीवारों पर बाँस की चटाइयाँ। एक दीवार के सहारे माँस रखने की अलमारी। अलमारी के ऊपर एक रेडियो, चाय की केतली, कुछ कप और खाली गुलाबी फूलदान रखा है। कमरे के बीच फर्श पर एक चटाई बिछी है जिसके ऊपर कम ऊँचाई वाली गोल मेज रखी है। दो दरवाज़े। एक दरवाजा पीछे की ओर खुलता है और दूसरा एक किनारे की ओर। पंछियों के चहचहाने के साथ-साथ पर्दा उठता है। दूर कहीं मुर्गा बाँग देता है। कुत्ता भौंकता है। कहीं प्रार्थना की घटियाँ बजती हैं। कोको आता है, जम्हाई लेकर अपने को सीधा करता है।

ऊपर लिखी पंक्तियों में कोको के घर के एक कमरे का वर्णन किया गया है। दरअसल नाटक के लिए मंच सज्जा कैसी हो यह निर्देश उसके लिए है। तुम इस वर्णन को पढ़कर उस मंच का एक चित्र बनाओ जो ठीक वैसा ही होना चाहिए जैसा कि बताया गया है।


नाटक में हिस्सा लेने वालों को पात्र कहते हैं। जिन पात्रों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है उन्हें 'मुख्य पात्र' और जिनकी भूमिका ज्यादा महत्वपूर्ण नहीं होती है उन्हें ‘गौण पात्र’ कहते हैं। बताओ इस नाटक में कौन-कौन मुख्य और गौण पात्र कौन हैं?


पात्रों को जो बात बोलनी होती है उसे संवाद कहते हैं। क्या तुम किसी एक परिस्थिति के लिए संवाद लिख सकती हो? (इसके लिए तुम टोलियों में भी काम कर सकती हो।) उदाहरण के लिए खो-खो या कबड्डी जैसा कोई खेल-खेलते समय दूसरे दल के खिलाड़ियों से बहस।


कभी-कभी आपने कोई चीज़ या बात दूसरों से छिपाई है या छिपाने की कोशिश की है, उस समय क्या-क्या हुआ था?


 कहते हैं, एक झूठ छिपाने के लिए सौ झूठ बोलने पड़ते हैं। क्या तुम्हें कहानी पढ़कर ऐसा लगता है? कहानी की | मदद से इस बात को समझाओ।


कोको की माँ ने उसके लिए चावल की रोटियाँ बनाकर रखी थीं। भारत के विभिन्न प्रांतों में चावल अलग-अलग तरीके से इस्तेमाल किया जाता है-भोजन के हिस्से के रूप में भी और नमकीन और मीठे पकवान के रूप में भी। तुम्हारे प्रांत में चावल का इस्तेमाल कैसे होता है? घर में बातचीत करके पता करो और एक तालिका बनाओ। कक्षा में अपने दोस्तों की तालिका के साथ मिलान करो तो पाओगी कि भाषा, कपड़ों और रहन-सहन के साथ-साथ खान-पान की दृष्टि से भी भारत अनूठा है।


अपनी तालिका में से चावल से बनी कोई एक खाने की चीज़ बनाने की विधि पता करो और उसे नीचे दिए गए बिंदुओं के हिसाब से लिखो।

  • सामग्री
  • तैयारी
  • विधि

“कोको के माता-पिता धान लगाने के लिए खेतों में गए।”
“कोको की माँ ने उसके लिए चावल की रोटियाँ बनाईं।”

एक ही चीज़ के विभिन्न रूपों के अलग-अलग नाम हो सकते हैं। नीचे ऐसे कुछ शब्द दिए गए हैं। उनमें अंतर बताओ।

चावल - धान- भात - मुरमुरा - चिउड़ा


“कोको के माता-पिता धान लगाने के लिए खेतों में गए।”
“कोको की माँ ने उसके लिए चावल की रोटियाँ बनाईं।”

एक ही चीज़ के विभिन्न रूपों के अलग-अलग नाम हो सकते हैं। नीचे ऐसे कुछ शब्द दिए गए हैं। उनमें अंतर बताओ।

साबुत दाल - धुली दाल - छिलका दाल


“कोको के माता-पिता धान लगाने के लिए खेतों में गए।”
“कोको की माँ ने उसके लिए चावल की रोटियाँ बनाईं।”

एक ही चीज़ के विभिन्न रूपों के अलग-अलग नाम हो सकते हैं। नीचे ऐसे कुछ शब्द दिए गए हैं। उनमें अंतर बताओ।

गेहूँ - दलिया - आटा - मैदा - सूजी


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