English

परदे पर वक्त की कीमत है कहकर कवि ने पूरे साक्षात्कार के प्रति अपना नज़रिया किस रूप में रखा है? - Hindi (Core)

Advertisements
Advertisements

Question

परदे पर वक्त की कीमत है कहकर कवि ने पूरे साक्षात्कार के प्रति अपना नज़रिया किस रूप में रखा है?

Answer in Brief

Solution

कवि जानता है कि टी.वी. में जो भी कार्यक्रम दिखाए जाते हैं। उनका उद्देश्य समाज की भलाई करना नहीं है। उनका उद्देश्य अपने चैनल को प्रसिद्ध करना तथा धन कमाना है। अतः वहाँ पर एक-एक पल की कीमत पहले से तय होती है। अपंग व्यक्ति पर आधारित कार्यक्रम अपंग व्यक्ति का साक्षात्कार नहीं है अपितु उसकी अपंगता को देश के आगे रखकर प्रसिद्धि व धन कमाना है। उन्हें अपंग व्यक्ति के सुख-दुख से कोई लेना-देना नहीं है। अपने हितों को वे शीर्ष पर रखते हैं। उनकी करुणा तथा सहानुभूति सब नाटक होती है। अतः इस पंक्ति को कहकर कवि ऐसे कार्यक्रमों के प्रति अपनी नाराज़गी और क्रोध को व्यक्त करता है।
shaalaa.com
कैमरे में बंद अपाहिज
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 4: रघुवीर सहाय (कैमरे में बंद अपाहिज) - अभ्यास [Page 25]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Aaroh Class 12
Chapter 4 रघुवीर सहाय (कैमरे में बंद अपाहिज)
अभ्यास | Q 5. | Page 25

RELATED QUESTIONS

कविता में कुछ पंक्तियाँ कोष्ठकों में रखी गई हैं- आपकी समझ से इसका क्या औचित्य है?


कैमरे में बंद अपाहिज करुणा के मुखौटे में छिपी क्रूरता की कविता है- विचार कीजिए।


हम समर्थ शक्तिवान और हम एक दुर्बल को लाएँगे पंक्ति के माध्यम से कवि ने क्या व्यंग्य किया है?


यदि शारीरिक रूप से चुनौती का सामना कर रहे व्यक्ति और दर्शक, दोनों एक साथ रोने लगेंगे, तो उससे प्रश्नकर्ता का कौन-सा उद्देश्य पूरा होगा?

यदि आपको शारीरिक चुनौती का सामना कर रहे किसी मित्र का परिचय लोगों से करवाना हो, तो किन शब्दों में करवाएँगी?


सामाजिक उद्देश्य से युक्त ऐसे कार्यक्रम को देखकर आपको कैसा लगेगा? अपने विचार संक्षेप में लिखें।

यदि आप इस कार्यक्रम के दर्शक हैं, तो टी.वी. पर ऐसे सामाजिक कार्यक्रम को देखकर एक पत्र में अपनी प्रतिक्रिया दूरदर्शन निदेशक को भेजें।

निम्नलिखित प्रश्न को ध्यानपूर्वक पढ़कर प्रश्न के लगभग 40 शब्दों में उत्तर दीजिए :-

कैमरे में बंद अपाहिज कविता के आधार पर स्पष्ट करें कि दूरदर्शन वाले कैमरे के सामने कमज़ोर को ही क्यों लाते हैं?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×