तारों के विभिन्न प्रकार उनके आकार, तापमान, द्रव्यमान और जीवन चक्र की अवस्था पर आधारित होते हैं। मुख्यतः तारे सात प्रमुख प्रकार के होते हैं। मुख्य अनुक्रम तारे जैसे हमारा सूर्य, अपने जीवन का अधिकतर समय हाइड्रोजन को हीलियम में परिवर्तित करते हुए बिताते हैं। जब इस हाइड्रोजन का भंडार समाप्त हो जाता है, तो तारा फैलकर एक विशाल लाल दानव तारा बन जाता है। इसके बाद यह सिकुड़कर एक सफ़ेद बौना तारा बन सकता है, जिसमें कोई नाभिकीय संलयन नहीं होता। यदि तारा अत्यधिक विशाल हो तो उसका अंतिम चरण एक न्यूट्रॉन तारे या ब्लैक होल के रूप में होता है। न्यूट्रॉन तारे बहुत अधिक सघन होते हैं जबकि ब्लैक होल इतने शक्तिशाली होते हैं कि प्रकाश भी उनसे बाहर नहीं निकल सकता। इसके अतिरिक्त कुछ तारे जैसे सुपर दानव तारे आकार में बहुत बड़े और चमकीले होते हैं, जबकि भटकते तारे समय के साथ अपने प्रकाश की तीव्रता में परिवर्तन करते हैं। इन सभी प्रकारों से यह स्पष्ट होता है कि तारे ब्रह्मांड की विविधता और गतिशीलता के अद्भुत उदाहरण हैं।