Advertisements
Advertisements
Question
टिप्पणी लिखिए।
कोठारी आयोग
Short Note
Solution
-
वर्ष 1964 में डॉ. डी.एस. कोठारी की अध्यक्षता में एक आयोग का गठन किया गया। इस आयोग के कामकाज में जे. पी. नाईक का उल्लेखनीय योगदान रहा।
- इस आयोग ने माध्यमिक, उच्च माध्यमिक और विश्वविद्यालयीन स्तर पर 10 + 2 + 3 प्रतिरूप (पैटर्न) की सिफारिश की। यह व्यवस्था (पैटर्न) वर्ष 1972 से कार्यान्वित हुई।
- कोठारी आयोग ने शिक्षा की एक ही राष्ट्रीय प्रणाली हो, शिक्षा में मातृभाषा, हिंदी और अंग्रेजी भाषाओं का समावेश हो, शिक्षा को समाज के निचले से निचले स्तर तक ले जाने के लिए निरंतर शिक्षा, प्रौढ़ शिक्षा, पत्राचार शिक्षा, मुक्त विश्वविद्यालय जैसे उपक्रम सुझाए।
- अनुसूचित जातियों-जनजातियों जैसे उपेक्षित वर्गों को प्राथमिकता देना, सरकारी बजट में शैक्षिक व्यय को बढ़ाना जैसी सिफारिशें की।
- महाराष्ट्र राज्य ने वर्ष 1972 में 10 + 2 + 3 इस शैक्षिक संरचना को स्वीकार कर वर्ष 1975 में दसवीं कक्षा की प्रथम शालांत परीक्षा ली।
shaalaa.com
कोठारी आयोग
Is there an error in this question or solution?