English

वाक्य के नीचे दिए गए योग्य विकल्प चुनकर निम्नलिखित वाक्य स्पष्टीकरण के साथ लिखिए। कोई पिंड जमीन पर मुक्त रूप से गिरते समय उसकी कुल ऊर्जा ______। - Science and Technology [विज्ञान और प्रौद्योगिकी]

Advertisements
Advertisements

Question

वाक्य के नीचे दिए गए योग्य विकल्प चुनकर निम्नलिखित वाक्य स्पष्टीकरण के साथ लिखिए।

कोई पिंड जमीन पर मुक्त रूप से गिरते समय उसकी कुल ऊर्जा ______।

Options

  • कम होती है।

  • स्थिर रहती है।

  • बढ़ती है।

  • प्रारंभ में बढ़ती है, फिर कम होती है।

MCQ
Fill in the Blanks

Solution

कोई पिंड जमीन पर मुक्त रूप से गिरते समय उसकी कुल ऊर्जा स्थिर रहती है।

स्पष्टीकरण:

आकृति में दिखाए अनुसार, माना बिंदु A जमीन से h ऊँचाई पर है। m द्रव्यमान वाला पिंड बिंदु A से बिंदु B तक आया तो वह x दूरी तक जाता है, बिंदु C जमीन पर है। पिंड की बिंदु A, B और C पर ऊर्जा देखेंगे।

1. पिंड बिंदु A के पास रहने पर (स्थिर रहने पर) उसका प्रारंभिक वेग u = 0

∴ K.E. = `1/2` द्रव्यमान × (वेग)2

= `1/2` mu2

K.E. = 0

P.E. = mgh

∴ कुल ऊर्जा = K.E. + P.E.

= 0 + mgh

कुल ऊर्जा (Total Energy) = mgh ........ (1)

मुक्त पतन

2. पिंड बिंदु B के पास रहने पर पिंड x दूरी तय करके बिंदु B के पास आता है तब माना उसका वेग vB है।

u = 0, s = x, a = g

v2 = u2 + 2as

`"v"_"B"^2 = 0 + 2"gx"`

`"v"_"B"^2` = 2gx

∴ K.E. = `1/2 "mv"_"B"^2 = 1/2` m(2gx)

K.E. = mgx

स्थान B पर पिंड की जमीन से

ऊँचाई = h - x

∴ P.E. = mg(h - x)

P.E. = mgh - mgx

∴ कुल ऊर्जा T.E. = K.E. + P.E.

= mgx + mgh - mgx

∴ T.E. = mgh ........(2)

3. पिंड बिंदु C के पास रहने पर अर्थात जमीन पर पहुँचने पर उसका वेग vC है तो

u = 0, s = h, a = g

v2 = u2 + 2as

`"v"_"c"^2` = 0 + 2gh

∴ K.E. = `1/2 "mv"_"c"^2 = 1/2`m(2gh)

K.E. = mgh

बिंदु C पर पिंड की जमीन से ऊँचाई

h = 0

∴ P.E. = mgh = 0

∴ T.E. = K.E. + P.E.

∴ T.E. = mgh ...............(3)

समीकरण (1), (2) और (3) से A, B और C बिंदु के पास कुल ऊर्जा स्थिर है।

अर्थात कोई भी पिंड ऊँचाई पर स्थित होने पर उसमें स्थितिज ऊर्जा होती है। पिंड के नीचे गिरते समय उसकी स्थितिज ऊर्जा का गतिज ऊर्जा में रूपांतरण हो जाता है। जमीन पर गिरते समय (स्थिति ‘C’) संपूर्णस्थितिज ऊर्जा का गतिज ऊर्जा में रूपांतरण होता है परंतु किसी भी स्थिति में कुल ऊर्जा ऊँचाई की स्थितिज ऊर्जा के जितनी ही होती है।

i.e. T.E. = P.E. + K.E.

बिंदु A पर T.E. = mgh + 0 = mgh

बिंदु B पर T.E. = mgx + mg(h - x) = mgh

बिंदु C पर T.E. = 0 + mgh = mgh

shaalaa.com
मुक्त पतन
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 2: कार्य और ऊर्जा - स्वाध्याय [Page 29]

APPEARS IN

Balbharati Science and Technology [Hindi] 9 Standard Maharashtra State Board
Chapter 2 कार्य और ऊर्जा
स्वाध्याय | Q 3. आ. | Page 29

RELATED QUESTIONS

मुक्त पतन से आप क्या समझते हैं?


गुरुत्वीय त्वरण से आप क्या समझते हैं?


मुक्त पतन का त्वरण क्या है?


गुरुत्वीय त्वरण का मान -


गुरुत्वाकर्षण के नियम में राशि G का मान


वायुमंडल पृथ्वी से जकड़ा हुआ है -


पृथ्वी पर, किसी ऊँचाई से कोई पत्थर पृथ्वी के पृष्ठ के समांतर दिशा में फेंका जाता है तथा उसी क्षण कोई अन्य पत्थर उसी ऊँचाई से ऊर्ध्वाधर नीचे गिराया जाता है। इनमें से कौन-सा पत्थर पृथ्वी पर पहले पहुँचेगा और क्यों?


पृथ्वी पर सूर्य का गुरुत्व बल कार्य करता हे, तथापि पृथ्वी सूर्य में नहीं गिरती। क्यों?


दो पिंडों के बीच आकर्षण बल उनके द्रव्यमानों तथा उनके बीच की दूरी पर किस प्रकार निर्भर करता है? किसी छात्र ने यह सोचा कि एक-दूसरे से बँधी दो ईंट, एक ईंट की तुलना में गुरुत्व बल के अधीन अधिक तेजी से गिरेंगी। क्या आप उसकी इस परिकल्पना से सहमत हैं अथवा नहीं? कारण लिखिए।


5 cm भुजा के किसी घन को पहले जल तथा फिर नमक के संतृप्त विलयन में डुबोया गया। किस प्रकरण में यह अधिक उछाल बल अनुभव करेगा? यदि इस घन की प्रत्येक भुजा घटाकर 4 cm कर दी जाए और फिर इसे जल में डुबोया जाए तो जल के लिए पहले प्रकरण की तुलना में अब घन द्वारा अनुभव किए जाने वाले उछाल बल पर क्या प्रभाव पड़ेगा?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×