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Question
वसंत ऋतु पर बारह से पंद्रह वाक्य /निबंध लिखने के लिए प्रेरित करें।
Solution
वसंत ऋतु
वसंत ऋतु को ऋतुओं का राजा कहा जाता है क्योंकि यह नई ऊर्जा, सौंदर्य और उल्लास का प्रतीक है। यह ठंड के समाप्त होने और गर्मी की शुरुआत से पहले आता है, जब प्रकृति अपने सबसे खूबसूरत रूप में होती है। पेड़-पौधे नई कोपलों और फूलों से भर जाते हैं, जिससे वातावरण रंगीन और सुगंधित हो जाता है। खेतों में सरसों के पीले फूल लहराते हैं, जो धरती को सुनहरी चादर ओढ़ा देते हैं।
इस ऋतु में कोयल की मधुर कूक और पक्षियों की चहचहाहट मन को प्रसन्न कर देती है। तितलियाँ फूलों पर मंडराने लगती हैं, जिससे बाग-बगीचों की सुंदरता और बढ़ जाती है। यह मौसम न अधिक ठंडा होता है और न अधिक गर्म, जिससे शरीर और मन दोनों प्रफुल्लित रहते हैं। स्वास्थ्य की दृष्टि से भी यह लाभदायक माना जाता है क्योंकि इस समय बीमारियों की संभावना कम होती है।
वसंत पंचमी का पर्व इसी ऋतु में आता है, जिसमें विद्या की देवी सरस्वती की पूजा की जाती है। किसान अपनी फसल पकती देखकर आनंदित हो उठते हैं और चारों ओर खुशहाली का माहौल होता है। वसंत ऋतु प्रेम, उत्साह और सकारात्मकता से भरी होती है, जो जीवन में नई प्रेरणा और उमंग का संचार करती है। इस ऋतु का सौंदर्य मन को आनंदित करता है और इसे प्रकृति का सबसे अनुपम उपहार माना जाता है।