हिंदी

ऐसा वसंत कब आएगा? जब मानवता के वन-उपवन का हर प्रसून खिल पाएगा? ऐसा वसंत कब आएगा? लड़कर अभाव के पतझड़ से, नव सर्जन रण में विजयी बन, सुख-सुविधा रस के सम वितरण का पा नवयौवनमय जीवन, - Hindi - Composite [हिंदी - संयुक्त]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

निम्नलिखित पठित पद्यांश पढ़कर दी गई सूचनाओं के अनुसार कृतियाँ कीजिए:

ऐसा वसंत कब आएगा?
जब मानवता के वन-उपवन का
हर प्रसून खिल पाएगा?
ऐसा वसंत कब आएगा?

लड़कर अभाव के पतझड़ से,
नव सर्जन रण में विजयी बन,
सुख-सुविधा रस के सम वितरण का
पा नवयौवनमय जीवन,

हर मनुज-कुसुम संतोषमयी
मुस्कान मधुर बरसाएगा
ऐसा वसंत कब आएगा?

  1. आकलन:
    संजाल पूर्ण कीजिए:   [2]

  2. सरल अर्थ:     [2]
    किन्हीं चार पंक्तियों का सरल अर्थ 25 से 30 शब्दों में लिखिए।
आकलन

उत्तर

  1. ‘सुख-सुविधा रस ........... मधुर बरसाएगा।’
    यह पंक्तियाँ इस प्रश्न को उठाती हैं कि वह समय कब आएगा जब संसार में उपलब्ध सुख-सुविधाएँ सभी लोगों के बीच समान रूप से बाँटी जाएँगी। इससे सभी मनुष्यों को खुशी मिलेगी, उनका जीवन बेहतर होगा, और उनके चेहरों पर संतोषभरी मुस्कान झलकेगी।
shaalaa.com
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
2022-2023 (July) Official
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×