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अक्रिस्टलीय ठोसों के विषय में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है? - Chemistry (रसायन विज्ञान)

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प्रश्न

अक्रिस्टलीय ठोसों के विषय में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?

विकल्प

  • गरम करने से किसी एक ताप पर ये क्रिस्टलीय बन सकते हैं।

  • लम्बे समय तक रखने से ये क्रिस्टलीय बन सकते हैं।

  • अक्रिस्टलीय ठोसों को गरम करके साँचे में ढाला जा सकता है।

  • यह विषमदैशिक प्रकृति के होते हैं।

MCQ

उत्तर

यह विषमदैशिक प्रकृति के होते हैं।

स्पष्टीकरण -

  • अक्रिस्टलीय ठोस प्रकृति में समदैशिक हैं।
  • जालक के अणु ठोस या अणु समान पैटर्न में व्यवस्थित होते हैं।
  • ऐसी संपत्ति वाले ठोस अलग दिशा से अलग माप देंगे।
  • सभी गुण जैसे विद्युत चालकता, अपवर्तक सूचकांक का मान, यांत्रिक शक्ति आदि सभी दिशाओं में समान हैं।
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अक्रिस्टलीय एवं क्रिस्टलीय ठोस
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 1: ठोस अवस्था - अभ्यास [पृष्ठ २]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Chemistry [Hindi] Class 12
अध्याय 1 ठोस अवस्था
अभ्यास | Q I. 6. | पृष्ठ २

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