Advertisements
Advertisements
प्रश्न
सर्वनाम तालिकां पूरयत।
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
अस्य | ______ | ______ | षष्ठी |
उत्तर
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
अस्य | अनयो : /एनयोः | एषाम् | षष्ठी |
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
समानार्थकशब्दान् / विरुद्धार्थकशब्दान् लिखत ।
शीघ्रम् = ______
मञ्जूषातः नामानि सर्वनामानि च पृथक्क्रुत।
नाम | सर्वनाम |
______ | ______ |
(मञ्जूषा - त्वम्, मनसा, बाल्ये, कस्मै, गृहम्)
योग्यं पर्यायं चिनुत ।
त्वं धनुः ______।
सुचननुसारं कृतीः कुरुत ।
भूमिः स्त्रीरूपं धृत्वा तस्य पुरतः प्रकटिता अभवत् ।(र्वकालवाचक त्वान्त अव्ययं निष्कासयत।)
उत्तरपदं लिखत ।
काकोऽवदत् = काकः + ______ |
सन्धिविग्रहं कुरुत।
रथस्यैकम् ।
समासविग्रहं कुरुत-
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
प्रजाहितदक्षः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
विद्याविहीनः | ______ | ______ |
सूचनानुसार कृती: कुरुत।
त्वया किं दृष्टम्? (वाच्य परिवर्तनं कुरुत।)
सूचनानुसार कृती: कुरुत ।
वयं तु केवलं तस्य महाभागस्य नामधेयं जानीमः ।
(वाक्यम् एकवचने परिवर्तयत ।)
सूचनानुसार कृती: कुरुत।
भवान् स्वीकरोतु। (‘भवान्’ स्थाने ‘त्वं’ योजयत।)
नामतालिकां पूरयत ।
ए.व. | द्विव. | ब.व. | विभक्तिः |
______ | ब्रह्मभ्याम् | ______ | तृतीया |
क्रियापद्तालिकां पूरयत
ए.व. | द्विव. | ब.व | पुरुष: | लकार : |
स्पृहयेत् | ______ | ______ | प्रथमः | विधिलिङ् |
क्रियापदतालिकां पूरयत
ए.व. | द्विव. | ब.व | पुरुष: | लकार : |
______ | धारयेथाम् | ______ | मध्यमः | लोट् |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
राजसद्म | ______ | _____ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
पूजार्थम् | ______ | _____ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
पुस्तकपठनम् | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
परागकणाः | ______ | ______ |
तालिकां पूरयत
धातवः | अर्थ : | लकार : | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् |
ब्रू (२ उ.) | वदति | लङ् | ______ | अब्रूताम् | अब्रुवन् |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत ।
प्रेक्षकाः मां निघृणं ताडितवन्तः । (वाच्यपरिवर्तनं कुरुत ।)
समासविग्रहं कुरुत ।
समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
आयतलोचना | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत ।
समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
अनुत्तमानि | ______ | ______ |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत ।
राक्षसेभ्यः जनकस्य सुतां हत्वा पुरीं ययौ । (लङ्लकारे परिवर्तयत ।)
सन्धिविग्रहं कुरुत।
याचतेऽयम् = याचते + ______
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
पा-पिब् (१ प.प.) | ______ | ______ | पेयः | पिबन् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
वद् (१ प.प.) | ______ | उदितवान् | वदनीयः | ______ |
सन्धिविग्रहं कुरुत।
अल्पानामपि - ______
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
सुभाषितसद्ग्रहः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
भरतमुनिः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
अम्भोदाः | ______ | ______ |
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
६ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
२२ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
३८ - ______
सङ्ख्याः अङ्कैः लिखत।
नव - ______
सूचनानुसारं कृती: कुरुत।
छात्र: लेखं लिखति। (अध्यापक:) (णिजन्तं कुरुत।)
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
९० - ______
मञ्जूषात: क्रियापदानि धातुसाधित-विशेषणानि च पृथक्कुरुत।
क्रियापदम् | धातुसाधित विशेषणम् |
______ | ______ |
(मञ्जूषा - आनयति, हत:, अगच्छत्, कर्तव्यम्, भवेत्)
मञ्जूषातः समानार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
कुसुमम् = ______।
मञ्जूषातः समानार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
मृगः = ______।