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ऐरिल ब्रोमाइड और क्लोराइड के अंधेरे में विरचन में लूईस अम्ल की भूमिका की विवेचना कीजिए। - Chemistry (रसायन विज्ञान)

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Question

ऐरिल ब्रोमाइड और क्लोराइड के अंधेरे में विरचन में लूईस अम्ल की भूमिका की विवेचना कीजिए।

Short Note

Solution

ऐरिल क्लोराइडों तथा ब्रोमाइडों का विरचन, आयरन या आयरन (III) क्लोराइड अथवा किसी अन्य लूईस अम्ल उत्प्रेक की उपस्थिति में ऐरीनों के क्लोरीन अथवा ब्रोमीन द्वारा इलेक्ट्रॉनरागी प्रतिस्थापन द्वारा आसानी से किया जा सकता है।

क्रियाविधि: \[\ce{Cl - Cl + FeCl3 -> FeCl4 + Cl+}\]

लूईस अम्ल प्रतिस्थापन के लिए आवश्यक इलेक्ट्रॉनरागी उत्पन्न करता है।

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हैलोएरीनों का विरचन
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Chapter 10: हैलोऐल्केन तथा हैलोऐरीन - अभ्यास [Page 152]

APPEARS IN

NCERT Exemplar Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 10 हैलोऐल्केन तथा हैलोऐरीन
अभ्यास | Q III. 49. | Page 152

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