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बताओ, ये जगहें कब उदास और फीकी लगती हैं और यहाँ कब रौनक होती है? घर बाज़ार स्कूल खेत - Hindi (हिंदी)

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Question

बताओ, ये जगहें कब उदास और फीकी लगती हैं और यहाँ कब रौनक होती है?

घर    बाज़ार स्कूल खेत
Answer in Brief

Solution

जगह कब उदास और फीकी लगती है। कब यहाँ रौनक होती है।
घर जब घर के लोग बाहर गए होते हैं। जब घर के सभी लोग घर में होते हैं। और आपस में प्यार से बोलते-बतियाते हैं।
बाज़ार दोपहर के समय शाम के समय, त्योहारों के अवसर पर
स्कूल जब स्कूल में बच्चों की छुट्टी होती है। जब तक स्कूल में बच्चे रहते हैं, वहाँ रौनक ही रौनक होती है।
खेत जब फसल कट जाती है और खेत परती हो जाते हैं। जब खेत में फसल लहलहाते हैं।
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चुनौती हिमालय की
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Chapter 18: चुनौती हमालय की - चुनौती हिमालय की [Page 145]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Rimjhim Class 5
Chapter 18 चुनौती हमालय की
चुनौती हिमालय की | Q 1. (ख) | Page 145

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(क) लद्दाख जम्मू-कश्मीर राज्य में है। ऊपर दिए भारत के नक्शे में हूँढ़ो कि लद्दाख कहाँ है और तुम्हारा घर कहाँ है?

(ख) अनुमान लगाओ कि तुम जहाँ रहते हो वहाँ से लद्दाख पहुँचने में कितने दिन लग सकते हैं और वहाँ किन-किन ज़रियों से पहुँचा जा सकता है?

(ग) किताब के शुरू में तुमने तिब्बती लोककथा ‘राख की रस्सी’ पढ़ी थी। नक्शे में तिब्बत को ढूँढ़ो।


बर्फ से ढके चट्टानी पहाड़ों के उदास और फीके लगने की क्या वजह हो सकती थी?


'जवाहरलाल को इस कठिन यात्रा के लिए तैयार नहीं होना चाहिए।'

तुम इससे सहमत हो तो भी तर्क दो, नहीं हो तो भी तर्क दो। अपने तर्कों को तुम कक्षा के सामने प्रस्तुत भी कर सकते हो।


‘कोलाज’ उस तस्वीर को कहते हैं जो कई तस्वीरों को छोटे-छोटे टुकड़ों में काटकर एक कागज़ पर चिपका कर बनाई जाती है।

1. तुम मिलकर पहाड़ों का एक कोलाज बनाओ। इसके लिए पहाड़ों से जुड़ी विभिन्न तस्वीरें इकट्ठा करो- पर्वतारोहण, चट्टान, पहाड़ों के अलग-अलग नज़ारे, चोटी, अलग-अलग किस्म के पहाड़। अब इन्हें एक बड़े से कागज़ पर पहाड़ के आकार में ही चिपकाओ। यदि चाहो तो ये कोलाज तुम अपनी कक्षा की एक दीवार पर भी बना सकते हो।

2. अब इन चित्रों पर आधारित शब्दों का एक कोलाज बनाओ। कोलाज में ऐसे शब्द हों जो इन चित्रों का वर्णन कर पा रहे हों या मन में उठने वाली भावनाओं को बता रहे हों।

अब इन दोनों कोलाजों को कक्षा में प्रदर्शित करो।


इस वृत्तांत को पढ़ते-पढ़ते तुम्हें भी अपनी कोई छोटी या लंबी यात्रा याद आ रही हो तो उसके बारे में लिखो।


जवाहरलाल को अमरनाथ तक का सफर अधूरा क्यों छोड़ना पड़ा?


जवाहरलाल, किशन और कुली सभी रस्सी से क्यों बँधे थे?


पाठ में नेहरू जी ने हिमालय से चुनौती महसूस की। कुछ लोग पर्वतारोहण क्यों करना चाहते हैं?


ऐसे कौन-से चुनौती भरे काम हैं जो तुम करना पसंद करोगे?


  • उदास फीके बर्फ से ढके चट्टानी पहाड़
  • हिमालय की दुर्गम पर्वतमाला मुँह उठाए चुनौती दे रही थी।
    "उदास होना” और “चुनौती देना” मनुष्य के स्वभाव हैं। यहाँ निर्जीव पहाड़ ऐसा कर रहे हैं। ऐसे और भी वाक्य हैं। जैसे-
  • बिजली चली गई।
  • चाँद ने शरमाकर अपना मुँह बादलों के पीछे कर लिया।
    इस किताब के दूसरे पाठों में भी ऐसे वाक्य ढूँढो।

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