Advertisements
Advertisements
Question
CO2 की अधिक मात्रा भूमंडलीय तापवृद्धि के लिए उत्तरदायी कैसे है?
Solution
CO2 चक्र के कारण प्राकृतिक रूप से वातावरण में CO2 की सांद्रता स्थिर रहती है लेकिन, जब वातावरण में CO2 की सांद्रता मानवीय क्रियाओं के कारण एक निश्चित स्तर से अधिक हो जाती है, तो वायुमंडल में उपस्थित CO2 का आधिक्य पृथ्वी द्वारा विकरणित ऊष्मा को अवशोषित कर लेता है। अवशोषित ऊष्मा का कुछ भाग वायुमंडल में निस्तारित हो जाता है और शेष भाग पृथ्वी पर वापस विकरणित हो जाता है जिससे पृथ्वी की सतह का तापमान बढ़ जाता है और भूमंडलीय ताप में वृद्धि होती है। इस प्रभाव को ग्रीन हाउस प्रभाव कहा जाता है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
B-Cl आबंध द्विध्रुव आघूर्ण रखता है, किन्तु BCl3 अणु का द्विध्रुव आघूर्ण शून्य होता है। क्यों?
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
कॉपर की उपस्थिति में उच्च ताप पर सिलिकॉन को मेथिल क्लोराइड के साथ गरम किया जाता है।
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
सिलिकॉन डाइऑक्साइड की क्रिया हाइड्रोजन फ्लुओराइड के साथ की जाती है।
निम्नलिखित अभिक्रिया को समझाइए-
CO को ZnO के साथ गरम किया जाता है।
जब धातु X की क्रिया सोडियम हाइड्रॉक्साइड के साथ की जाती है, तो श्वेत अवक्षेप (A) प्राप्त होता है, जो NaOH के आधिक्य में विलेय होकर विलेय संकुल (B) बनाता है। यौगिक (A) तनु HCl में घुलकर यौगिक (C) बनाता है। यौगिक (A) को अधिक गरम किए जाने पर यौगिक (D) बनता है, जो एक निष्कर्षित धातु के रूप में प्रयुक्त होता है। X, A, B, C तथा D को पहचानिए तथा इनकी पहचान के समर्थन में उपयुक्त समीकरण दीजिए।
एक लवण X निम्नलिखित परिणाम देता है-
(क) इसका जलीय विलयन लिटमस के प्रति क्षारीय होता है।
(ख) तीव्र गरम किए जाने पर यह काँच के समान ठोस में स्वेदित हो जाता है।
(ग) जब X के गरम विलयन में सांद्र H2SO4 मिलाया जाता है, तो एक अम्ल Z का श्वेत क्रिस्टल बनता है।
उपर्युक्त अभिक्रियाओं के समीकरण लिखिए और X, Y तथा Z को पहचानिए।
यदि सिलिकॉन निर्माण में प्रारंभिक पदार्थ RSiCl3 है, तो बनने वाले उत्पाद की संरचना बताइए।