English

दो उदाहरणों द्वारा फ्लुओरीन के असामान्य व्यवहार को दर्शाइए। - Chemistry (रसायन विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

Question

दो उदाहरणों द्वारा फ्लुओरीन के असामान्य व्यवहार को दर्शाइए।

Answer in Brief

Solution

फ्लुओरीन का असामान्य व्यवहार इसके –

  1. लघु आकार
  2. उच्च विद्युत ऋणात्मकता
  3. कम F-F आबंध वियोजन एन्थैल्पी तथा
  4. इसके संयोजी कोश में d-कक्षकों की अनुपलब्धता के कारण होता है।

उदाहरणार्थ –

  1. फ्लुओरीन केवल एक ऑक्सोअम्ल बनाती है, जबकि अन्य हैलोजेन अधिक संख्या में ऑक्सो अम्लों का निर्माण करते हैं।
  2. हाइड्रोजन फ्लुओराइड प्रबल हाइड्रोजन बंधों के कारण द्रव होता है, जबकि अन्य हाइड्रोजन हैलाइड गैसीय होते हैं।
shaalaa.com
वर्ग 17 के तत्व
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 7: p-ब्लॉक के तत्व - पाठ्यनिहित प्रश्न [Page 209]

APPEARS IN

NCERT Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 7 p-ब्लॉक के तत्व
पाठ्यनिहित प्रश्न | Q 7.27 | Page 209
Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×