Advertisements
Advertisements
Question
हम एक अगरबत्ती की गंध का पता कैसे लगाते हैं?
Solution
जब अगरबत्ती की गंध हमारी नाक तक पहुँचती है तो हमारी नाक में मौजूद घ्राणग्राही इसे पहचान लेते हैं और इस जानकारी को विद्युत संकेतों के रूप में अग्र मस्तिष्क (forebrain) तक भेजते हैं। स्तिष्क इस जानकारी को अगरबत्ती की गंध के रूप में समझता है, क्योंकि यह जानकारी पहले से वहां संग्रहीत होती है।
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
हमारे शरीर में ग्राही का क्या कार्य है?
एक तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) की संरचना बनाइए।
एक तंत्रिका कोशिका (न्यूरॉन) के कार्यों का वर्णन कीजिए।
अनैच्छिक क्रियाएँ तथा प्रतिवर्ती क्रियाएँ एक-दूसरे से किस प्रकार भिन्न हैं?
ग्राही अंगों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा कथन सही है?
न्यूरॉन में विद्युत संकेत रासायनिक संकेत में कहाँ बदलता है?
बेमेल युग्म को चुनिए -
शरीर की अनैच्छिक क्रियाओं का नियंत्रण होता है -
निम्नलिखित का उत्तर दीजिए -
मस्तिष्क से संबंधित अंतःस्रावी ग्रंथि का नाम क्या है?
मस्तिष्क के प्रमुख भाग कौन से हैं? विभिन्न भागों के कार्यों की चर्चा कीजिए ।