English

हरगोबिन बड़ी हवेली में पहुँचकर अतीत की किन स्मृतियों में खो जाता है? - Hindi (Elective)

Advertisements
Advertisements

Question

हरगोबिन बड़ी हवेली में पहुँचकर अतीत की किन स्मृतियों में खो जाता है?

Short Note

Solution

हरगोबिन ने जब बड़ी हवेली में कदम रखा, तो उसे बीते समय में हवेली के ठाट-बाट की याद हो आई। बड़े भैया के रहते हुए इस हवेली की शान ही अलग थी। घर में नौकर-नौकरानियों, लोगों तथा मज़दूरों की भीड़ हर समय रहा करती थी। बड़ी बहुरिया मेंहदी लगे हाथों से ही कई नाइन परिवार की ज़िम्मेदारियाँ उठाया करती थीं। अब वह दिन नहीं है। हवेली नाम की बड़ी हवेली रह गई है और यहाँ की बड़ी बहुरिया कि हालत अब नौकरानियों से कम नहीं है।
shaalaa.com
संवदिया
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 2.04: फणीश्वरनाथ 'रेणु' (संवदिया) - प्रश्न-अभ्यास [Page 111]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Antara Class 12
Chapter 2.04 फणीश्वरनाथ 'रेणु' (संवदिया)
प्रश्न-अभ्यास | Q 4. | Page 111

RELATED QUESTIONS

संवदिया कि क्या विशेषताएँ हैं और गाँववालों के मन में संवदिया की क्या अवधारणा हैं?


बड़ी हवेली से बुलावा आने पर हरगोबिन के मन में किस प्रकार की आशंका हुई?


बड़ी बहुरिया अपने मायके संदेश क्यों भेजना चाहती थी?


संवाद कहते वक्त बड़ी बहुरिया की आँखें क्यों छलछला आईं?


गाड़ी पर सवार होने के बाद संवदिया के मन में काँटे की चुभन का अनुभव क्यों हो रहा था? उससे छुटकारा पाने के लिए उसने क्या उपाय सोचा?

बड़ी बहुरिया का संवाद हरगोबिन क्यों नहीं सुना सका?


'संवदिया डटकर खाता है और अफर कर सोता है' से क्या आशय है?


जलालगढ़ पहुँचने के बाद बड़ी बहुरिया के सामने हरगोबिन ने क्या संकल्प लिया?


इन शब्दों का अर्थ समझिए-

काबुली-कायदा


इन शब्दों का अर्थ समझिए-
अगहनी धान


पाठ से प्रश्नवाचक वाक्यों को छाँटिए और संदर्भ के साथ उन पर टिप्पणी लिखिए।


इन पंक्ति की व्याख्या कीजिए -
बड़ी हवेली अब नाममात्र की ही बड़ी हवेली है।


इन पंक्तियों की व्याख्या कीजिए-
हरगोबिन ने देखी अपनी आँखों से द्रौपदी की चीरहरण लीला।


इन पंक्तियों की व्याख्या कीजिए-
बथुआ साग खाकर कब तक जीऊँ?


इन पंक्तियों की व्याख्या कीजिए-
किस मुँह से वह ऐसा संवाद सुनाएगा।


डिजिटल इंडिया के दौर में संवदिया की किया कोई भूमिका हो सकती है?


‘उसके पैर गाँव की ओर बढ़ ही नहीं रहे थे। इसी पगडंडी से बड़ी बहुरिया अपने मैके लौटा आवेगी गाँव छोड़कर चली जावेगी। फिर कभी नहीं आवेगी।’

लेखक संवदिया और बड़ी बहुरिया के माध्यम से समाज के एक बड़े वर्ग का वर्णन करत प्रतीत हो रहे हैं। इसे स्पष्ट करते हुए वर्तमान परिप्रेक्ष्य के साथ संबंध स्थापित कीजिए।


'बड़ी बहुरिया का संवाद हरगोबिन सुना सकने में असमर्थ था' कथन के माध्यम से हरगोबिन की तत्कालीन स्थिति की विवेचना कीजिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×