English

कानून के सामने सब व्यक्ति बराबर हैं -इस कथन से आप क्या समझते हैं? आपके विचार से यह लोकतंत्र में महत्वपूर्ण क्यों है? - Social Science (सामाजिक विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

Question

कानून के सामने सब व्यक्ति बराबर हैं -इस कथन से आप क्या समझते हैं? आपके विचार से यह लोकतंत्र में महत्वपूर्ण क्यों है?

Answer in Brief

Solution

कानून के सामने सब व्यक्ति बराबर हैं इससे तात्पर्य है कि

  1. कानून के समक्ष सभी समान हैं चाहे वः भारत का सबसे बड़ा पद राष्ट्रपति का हो या एक समान्य नागरिक। सभी को एक तरह के अपराध के लिए एक ही तरह के दंड देने का प्रावधान है।
  2. कानून किसी भी व्यक्ति के साथ उसके धर्म, जाति, लिंग, वंश, क्षेत्र के आधार पर भेदभाव नहीं करता। कानून के समक्ष भारत के सभी नागरिक एक समान हैं। हमारे विचार से कानून के समक्ष समानता से लोगों में यह सन्देश जाता है कि देश में किसी के साथ भेदभाव नहीं हो रहा है और हम कानून के समक्ष सामान्य जनता का भी वही महत्व है, जो एक बड़े पद पर बैठ व्यक्ति का। इससे लोकतंत्र काफी मजबूत होता है।
shaalaa.com
भारतीय लोकतंत्र में समानता
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 1: समानता - अभ्यास [Page 15]

APPEARS IN

NCERT Social Science - Social and Political Life 2 [Hindi] Class 7
Chapter 1 समानता
अभ्यास | Q 4. | Page 15

RELATED QUESTIONS

मध्याह्न भोजन कार्यक्रम क्या हैं? क्या आप इस कार्यक्रम के तीन लाभ बता सकते हैं? आपके विचार से यह कार्यक्रम किस प्रकार समानता की भावना बढ़ा सकता है?


अपने क्षेत्र में लागू की गई किसी एक सरकारी योजना के बारे में पता लगाइए। इस योजना में क्या किया जाता है? यह किस के लाभ के लिए बनाई गई है?


बॉक्स में लिए गए संविधान के अनुच्छेद 15 के अंश को पुनः पढ़िए और दो ऐसे तरीके बनाइए, जिनसे यह अनुच्छेद असमानता को दूर करता है?


दिव्यांगजन अधिकार, 2016 अधिनियम के अनुसार उनको समान अधिकार प्राप्त हैं और समाज में उनकी पूरी भगीदारी संभव बनाना सरकार का दायित्व है। सरकार को उन्हें निःशुल्क शिक्षा देनी है और विकलांग बच्चों को स्कूलों की मुख्यधारा में सम्मिलित करना है। कानून यह भी कहता है कि सभी सार्वजानिक स्थल, जैसे-भवन, स्कूल आदि में ढलान बनाए जाने चाहिए, जिससे वहाँ विकलांगों के लिए पहुँचना सरल हो।

चित्र को देखिए और उस बच्चे के बारे में सोचिए, जिसे सीढ़ियों से नीचे लाया जा रहा है। क्या आपको लगता है कि इस स्थिति में उपर्युक्त कानून लागु किया जा रहा है? वह भवन में आसानी से आ- जा सके, उसके लिए क्या करना आवश्यक है? उसे उठाकर सीढ़ियों से उत्तारा जाना, उसके सम्मान और उसकी सुरक्षा को कैसे प्रभावित करता है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×