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Question
कॉलम I में दी गई सरंचनाओं को कॉलम II में दिए गए यौगिकों के वर्ग से सुमेलित कीजिए।
कॉलम I | कॉलम II | |
(i) | \[\begin{array}{cc} \ce{CH3 - CH - CH3}\\ |\phantom{..}\\ \ce{X}\phantom{..} \end{array}\] |
(a) ऐरील हैलाइड |
(ii) | \[\ce{CH2 = CH - CH2 - X}\] | (b) ऐल्किल हैलाइड |
(iii) | ![]() |
(c) वाइनिल हैलाइड |
(iv) | \[\ce{CH2 = CH - X}\] | (d) ऐलिल हैलाइड |
Solution
कॉलम I | कॉलम II | |
(i) | \[\begin{array}{cc} \ce{CH3 - CH - CH3}\\ |\phantom{..}\\ \ce{X}\phantom{..} \end{array}\] |
(b) ऐल्किल हैलाइड |
(ii) | \[\ce{CH2 = CH - CH2 - X}\] | (d) ऐलिल हैलाइड |
(iii) | ![]() |
(a) ऐरील हैलाइड |
(iv) | \[\ce{CH2 = CH - X}\] | (c) वाइनिल हैलाइड |
स्पष्टीकरण:
- ऐल्किल हैलाइड में, हैलोजन परमाणु sp3 संकरित कार्बन परमाणु से बंधा होता है, जिसे आगे एक, दो या तीन ऐल्काइल समूह, यानी \begin{array}{cc}
\ce{CH3 - CH - CH3}\\
|\phantom{..}\\
\ce{X}\phantom{..}
\end{array} से जोड़ा जा सकता है। - यह वे यौगिक होते हैं जिनमें हैलोजन परमाणु कार्बन-कार्बन द्विक आबंध (C=C) के समीपवर्ती sp3 संकरित कार्बन परमाणु से आबंधित रहता है अर्थात् एक ऐलिलिक कार्बन से आवधित होता है, अर्थात \[\ce{CH2 = CH - CH2 - X}\]।
- ऐरील हैलाइड के योगिकों में हैलोजन परमाणु एक ऐरोमैटिक वलय के sp2 संकरित कार्बन परमाणु से सीधे जुड़ा रहता है, अर्थात् \[\ce{C6H5X}\]।
- वाइनिल हैलाइड के यौगिकों में हैलोजन परमाणु कार्बन-कार्बन द्विक् आबंध (C=C) के sp2 संकरित कार्बन परमाणु से सीधे जुड़ा रहता है, अर्थात \[\ce{CH2 = CH-X}\]।
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(CH3)2CHCH(Cl)CH3
निम्नलिखित हैलाइड का नाम आईयूपीएसी (IUPAC) पद्धति से लिखिए तथा उसका वर्गीकरण, ऐल्किल, ऐलिलिक, बेन्ज़िलिक (प्राथमिक, द्वितीयक एवं तृतीयक), वाइनिल अथवा ऐरिल हैलाइड के रूप में कीजिए –
CH3CH=C(Cl)CH2CH(CH3)2
निम्नलिखित हैलाइड का नाम आईयूपीएसी (IUPAC) पद्धति से लिखिए तथा उसका वर्गीकरण, ऐल्किल, ऐलिलिक, बेन्ज़िलिक (प्राथमिक, द्वितीयक एवं तृतीयक), वाइनिल अथवा ऐरिल हैलाइड के रूप में कीजिए –
p-ClC6H4CH2CH(CH3)2
निम्नलिखित को प्राथमिक, द्वितीयक एवं तृतीयक ऐल्कोहॉल में वर्गीकृत कीजिए –
CH3 – CH2 – CH2 – OH
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(i) 2-ब्रोमोपेन्टेन
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(iv) ट्राइक्लोरोमेथेन
निम्नलिखित में से कौन-से यौगिकों को ऐरिल हैलाइडों में वर्गीकृत किया जा सकता है?
(i) p-ClC6H4CH2CH(CH3)2
(ii) p-CH3CHCl(C6H4)CH2CH3
(iii) o-BrH2C-C6H4CH(CH3)CH2CH3
(iv) C6H5-Cl
निम्नलिखित यौगिक को प्राथमिक, द्वितीयक और तृतीयक वर्ग में वर्गीकृत करिए।
1-ब्रोमोब्यूट-2-ईन
निम्नलिखित यौगिक को प्राथमिक, द्वितीयक और तृतीयक वर्ग में वर्गीकृत करिए।
4-ब्रोमोपेन्ट-2-ईन
निम्नलिखित यौगिक को प्राथमिक, द्वितीयक और तृतीयक वर्ग में वर्गीकृत करिए।
2-ब्रोमो-2-मेथिलप्रोपेन
कॉलम I में दिए यौगिकों को कॉलम II में दिए प्रभावों से सुमेलित कीजिए।
कॉलम I | कॉलम II |
(i) क्लोरैम्फेनिकॉल | (a) मलेरिया |
(ii) थाइरॉक्सिन | (b) संज्ञाहारी |
(iii) क्लोरोक्वीन | (c) टाइफ़ॉडड बुखार |
(iv) क्लोरोफार्म | (d) गलगंड |
(e) रक्त प्रतिस्थापी |
निम्नलिखित में से कौन-से बेन्ज़लिक ऐल्कोहॉल हैं?
(i) C6H5—CH2—CH2OH
(ii) C6H5—CH2OH
(iii) \[\begin{array}{cc}
\ce{C6H5-CH-OH}\\
\phantom{}|\phantom{.}\\
\phantom{..}\ce{CH3}\phantom{}
\end{array}\]
(iv) \[\begin{array}{cc}
\ce{C6H5-CH2-CH-OH}\\
\phantom{......}|\phantom{}\\
\phantom{.........}\ce{CH3}\phantom{}
\end{array}\]