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Question
प्लेटिनम इलेक्ट्रोड की उपस्थिति में CuSO4 के जलीय विलयन का विद्युत् अपघटन करने पर क्या होगा?
(i) कैथोड पर कॉपर निक्षपित होगा।
(ii) ऐनोड पर कॉपर निक्षिपित होगा।
(iii) ऐनोड पर ऑक्सीजन निकलेगी।
(iv) ऐनोड पर कॉपर घुलेगा।
Solution
(i) कैथोड पर कॉपर निक्षपित होगा।
(iii) ऐनोड पर ऑक्सीजन निकलेगी।
स्पष्टीकरण -
इलेक्ट्रोलिसिस के दौरान कैथोड पर निम्नलिखित प्रतिक्रिया होती है:
\[\ce{Cu^{2+} + 2e^{-} -> Cu}\]
\[\ce{H^{-} + 2e^{-} -> 1/2 H_2}\]
Cu2+/Cu की मानक इलेक्ट्रोड क्षमता `"H"^-/1/2 "H"_2` से अधिक है इसलिए Cu कैथोड पर जमा होगा।
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कॉलम I तथा कॉलम II के मदों को सुमेलित कीजिए।
कॉलम I | कॉलम II |
(i) Λm | (a) मात्राविहीन गुण |
(ii) `"E"_"cell"^⊖` | (b) आयनों की संख्या/आयतन पर निर्भर |
(iii) κ | (c) विस्तीर्ण गुण |
(iv) ΔrG | (d) तनुता के साथ बढ़ता है |
निम्नलिखित आँकडों के आधार पर कॉलम I और कॉलम II के मदों को सुमेलित कीजिए।
`"E"_("F"_2//"F"^-)^⊖` = 2.87 V, `"E"_("Li"^+//"Li")^⊖` = - 3.5 V, `"E"_("Au"^(3+)//"Au")^⊖` = 1.4 V, `"E"_("Br"^2//"Br"^-)` = 1.09 V
कॉलम I | कॉलम II |
(i) F2 | (a) धातु प्रबलतम अपचायक है |
(ii) Li | (b) धातु आयन जो दुर्बलतम ऑक्सीकरण कर्मक है |
(iii) Au3+ | (c) अधातु जो कि उत्तम ऑक्सीकरण कर्मक है |
(iv) Br- | (d) अक्रिय धातु |
(v) Au | (e) ऋणायन जो कि Au3+ द्वारा ऑक्सीकृत किया जा |
(vi) Li+ | (f) ऋणायन जो दुर्बलतम अपचयन कर्मक है |
(vii) F- | (g) धातु आयन जो कि ऑक्सीकरण कर्मक है |
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तर्क - यदि दिष्टधारा को स्तोत के रूप में काम में लेते हैं तो आयनिक विलयन की सांद्रता परिवर्तित हो जाती है।
चित्र के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न के उत्तर दीजिए।
सेल 'A' का Eसेल = 2V तथा सेल 'B' का Eसेल = 1.1 V है। 'A' तथा 'B' दोनों सेलों में से कौन-सा सेल विद्युत् अपघटनी सेल के रूप में कार्य करेगा। इस सेल में होने वाली इलेक्ट्रोड अभिक्रियाएँ क्या होंगी?