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चार्ली हमारी वास्तिवकता है, जबकि सुपरमैन स्वप्न आप इन दोनों में खुद को कहाँ पाते हैं? - Hindi (Core)

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प्रश्न

चार्ली हमारी वास्तिवकता है, जबकि सुपरमैन स्वप्न आप इन दोनों में खुद को कहाँ पाते हैं?

संक्षेप में उत्तर

उत्तर

मैं स्वयं को चार्ली में पाता हूँ। जीवन में करुणा और त्रासदी का खेल चलता रहता है। हम कभी परेशानियों के समय पर रोते हैं, तो कभी हँसते हैं। सुपरमैन टी.वी. पर देखने में अच्छा लगता है लेकिन असल ज़िदगी से उसका कोई लेना-देना नहीं है। चार्ली जीवन के बहुत समीप है। वह हमारी तरह हँसता है, रोता है, परेशान होता है, समस्याओं का हल निकालने का प्रयास करता है, कभी-कभी तंग आकर बैठ जाता है और फिर हिम्मत बटोर कर उठ खड़ा होता है। सुपरमैन में हर घटना तथा स्थिति कल्पना के आधार पर बनाई जाती है। असल ज़िंदगी से इनका कोई वास्ता नहीं है।
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चार्ली चैप्लिन यानी हम सब
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अध्याय 15: विष्णु खरे (चार्ली चैप्लिन यानी हम सब) - अभ्यास [पृष्ठ १२५]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Aaroh Class 12
अध्याय 15 विष्णु खरे (चार्ली चैप्लिन यानी हम सब)
अभ्यास | Q 3. | पृष्ठ १२५

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