English

निम्नलिखित अरेनियस समीकरण पर विचार कीजिए और सही विकल्प पर निशान लगाइए। κ = AeEaRTAe-Ea/RT - Chemistry (रसायन विज्ञान)

Advertisements
Advertisements

Question

निम्नलिखित अरेनियस समीकरण पर विचार कीजिए और सही विकल्प पर निशान लगाइए।

κ = `"Ae"^(-"E"_"a"//"RT")`

Options

  • अभिक्रिया स्थिरांक बढุती सक्रियण ऊर्जा और घटते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है।

  • अभिक्रिया स्थिरांक बढุती सक्रियण ऊर्जा और घटते ताप के साथ चरघातांक से कम होता है।

  • अभिक्रिया दर स्थिरांक घटती सक्रियण ऊर्जा और घटते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है।

  • अभिक्रिया दर स्थिरांक घटती सक्रियण ऊर्जा और बढ़ते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है।

MCQ

Solution

अभिक्रिया दर स्थिरांक घटती सक्रियण ऊर्जा और बढ़ते ताप के साथ चरघातांक से बढ़ता है।

स्पष्टीकरण -

κ = `"Ae"^(-"E"_"a"//"RT")`

समीकरण से यह स्पष्ट है कि दर स्थिरांक k का मान सक्रियण ऊर्जा Ea में कमी और तापमान में वृद्धि के साथ तेजी से बढ़ता है।

जैसे-जैसे Ea घटता है, `(-"E"_"a"//"RT")` बढ़ता है और k बढ़ता है

जैसे-जैसे T बढ़ता है, `(-"E"_"a"//"RT")` घटता है और `(-"E"_"a"//"RT")` बढ़ता है और k बढ़ता है।

shaalaa.com
अभिक्रिया वेग की ताप पर निर्भरता
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 4: रासायनिक बलगतिकी - अभ्यास [Page 51]

APPEARS IN

NCERT Exemplar Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 4 रासायनिक बलगतिकी
अभ्यास | Q I. 7. | Page 51

RELATED QUESTIONS

ताप का वेग स्थिरांक पर क्या प्रभाव होगा?


परमताप, 298 K में 10 K की वृद्धि होने पर रासायनिक अभिक्रिया का वेग दुगुना हो जाता है। इस अभिक्रिया के लिए Ea की गणना कीजिए।


विभिन्न तापों पर N2O5 के अपघटन के लिए वेग स्थिरांक नीचे दिए गए हैं –

T/°C 0 20 40 60 80
105 × k/s–1 0.0787 1.70 25.7 178 2140

In k एवं 1/T के मध्य ग्राफ खींचिए तथा A एवं Ea की गणना कीजिए। 30°C तथा 50°C पर वेग स्थिरांक को प्रागुक्त कीजिए।


हाइड्रोकार्बन का विघटन निम्न समीकरण के अनुसार होता है। Ea की गणना कीजिए।
k = `(4.5 xx 10^11  "s"^-1) "e"^(-28000 "K"//"T")`


10°C ताप पर A के उत्पाद में विघटन के लिए k का मान 4.5 × 103 s−1 तथा सक्रियण ऊर्जा 60 kJ mol1 है। किस ताप पर k का मान 1.5 × 104 s1 होगा?


उत्प्रेरक परिवर्तित करते हैं-


यौगिक 'A' और 'B' निम्नलिखित रासायनिक समीकरण के अनुसार अभिक्रिया करते हैं।

\[\ce{A(g) + 2B(g) -> 2C(g)}\]

किसी एक अभिक्रियक की सांद्रता स्थिर रखते हुए 'A' अथवा 'B' की सांद्रता में परिवर्तन किया गया और वेग को प्रारंभिक संद्रता के कारक के रूप में मापा गया। निम्नलिखित परिणाम प्राप्त हुए। इस अभिक्रिया के वेग समीकरण के लिए सही विकल्प चुनिए।

प्रयोग [A] की प्रारंभिक
सांद्रता/mol L-1
[B] की प्रारंभिक
सांद्रता/mol L-1
[C] के बनने की
प्रारंभिक दर/mol L-1 s-1
1. 0.30 0.30 0.10
2. 0.30 0.60 0.40
3. 0.60 0.30 0.20

गलत कथनों को चिह्नित कीजिए।

  1. उत्प्रेरक अभिक्रिया को वैकल्पिक पथ उपलब्ध कराता है।
  2. उत्प्रेरक सक्रियण ऊर्जा को बढाता है।
  3. उत्प्रेरक सक्रियण ऊर्जा को कम करता है।
  4. उत्प्रेरक अभिक्रिया के एन्थैल्पी परिवर्तन को बदल देता है।

ऊजा के वितरण को दशाने वाले मैक्सवेल बोल्ट्जमान द्वारा दिए ग्राफ में ______।

  1. ताप में वृद्ध के साथ वक्र के अंतर्गत क्षेत्रफल स्थिर रहना चाहिए।
  2. ताप में वृद्ध के साथ वक्र के अंतर्गत क्षेत्रफल बढ़ता है।
  3. ताप में वुद्ध के साथ वक्र के अंतर्गत क्षेत्रफल घटता है।
  4. ताप में वृद्ध के साथ वक्र चौड़ा हो जाता है तथा दाहिनी ओर विस्थापित हो जाता है।

कक्ष ताप पर वायु में ऑक्सीजन प्रचुरता से उपलब्ध होने पर भी ईंधन स्वयं क्यों नहीं जलते?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×