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Chapters
2: बचेंद्री पाल - एवरेस्ट : मेरी शिखर यात्रा
3: शरद जोशी - तुम कब जाओगे, अतिथि
4: धीरंजन मालवे - वैज्ञानिक चेतना के वाहक : चन्द्र शेखर वेंकट रामन
5: गणेशशंकर विद्यार्थी - धर्म की आड़
6: स्वामी आनंद - शक्र तारे के समान
7: रैदास - अब कैसे छूटे राम नाम … ऐसी लाल तुझ बिनु …
8: रहीम - दोहे
9: नज़ीर अकबराबादी - आदमी नामा
▶ 10: सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह
11: रामधारी सिंह दिनकर - गीत – अगीत
12: हरिवंशराय बच्चन - अग्नि पथ
13: अरुण कमल - नए इलाके में … खुशबू रचते हैं हाथ

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Solutions for Chapter 10: सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह
Below listed, you can find solutions for Chapter 10 of CBSE NCERT for Hindi - Sparsh Part 1 Class 9.
NCERT solutions for Hindi - Sparsh Part 1 Class 9 10 सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह प्रश्न अभ्यास [Pages 95 - 96]
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए :
कविता की उन पँक्तियों को लिखिए, जिनसे निम्नलिखित अर्थ का बोध होता है −
1. सुखिया के बाहर जाने पर पिता का हृ्दय काँप उठता था।
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2. पर्वत की चोटी पर स्थित मंदिर की अनुपम शोभा।
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3. पुजारी से प्रसाद/फूल पाने पर सुखिया के पिता की मनःस्थिति।
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4. पिता की वेदना और उसका पश्चाताप।
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बीमार बच्ची ने क्या इच्छा प्रकट की?
सुखिया के पिता पर कौन-सा आरोप लगाकर उसे दंडित किया गया?
जेल से छूटने के बाद सुखिया के पिता ने अपनी बच्ची को किस रूप में पाया?
इस कविता का केन्द्रिय भाव अपने शब्दों में लिखिए।
इस कविता में से कुछ भाषिक प्रतीकोंबिंबों को छाँटकर लिखिए:
उदाहरण : अंधकार की छाया
(i) _______________
(ii) _______________
(iii) _______________
(iv) _______________
(v) _______________
निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए −
अविश्रांत बरसा करके भी
आँखे तनिक नहीं रीतीं
निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए −
बुझी पड़ी थी चिता वहाँ पर
छाती धधक उठी मेरी
निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए −
हाय! वही चुपचाप पड़ी थी
अटल शांति-सी धारण कर
निम्नलिखित पंक्ति का आशय स्पष्ट करते हुए उनका अर्थ-सौंदर्य बताइए −
पापी ने मंदिर में घुसकर
किया अनर्थ बड़ा भारी
NCERT solutions for Hindi - Sparsh Part 1 Class 9 10 सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह योग्यता विस्तार [Page 96]
‘एक फूल की चाह’ एक कथात्मक कविता है। इसकी कहानी को संक्षेप में लिखिए।
‘बेटी’ पर आधारित निराला की रचना ‘सरोज-स्मृति’ पढ़िए।
तत्कालीन समाज में व्याप्त स्पृश्य और अस्पृश्य भावना में आज आए परिवर्तनों पर एक चर्चा आयोजित कीजिए।
NCERT solutions for Hindi - Sparsh Part 1 Class 9 10 सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह अतिरिक्त प्रश्न
महामारी अपना प्रचंड रूप किस प्रकार दिखा रही थी?
पिता सुखिया को कहाँ जाने से रोकता था और क्यों?
सुखिया ने अपने पिता से देवी के प्रसाद का फूल क्यों माँगा?
मंदिर की भव्यता और सौंदर्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।
न्यायालय द्वारा सुखिया के पिता को क्यों दंडित किया गया?
न्यायालय द्वारा सुखिया के पिता को क्यों दंडित किया गया?
माता के भक्नों ने सुखिया के पिता के साथ कैसा व्यवहार किया?
पिता अपनी बच्ची को माता के प्रसाद का फूल क्यों न दे सका?
सुखिया का पिता किस सामाजिक बुराई का शिकार हुआ?
‘एक फूल की चाह’ कविता की प्रासंगिकता स्पष्ट कीजिए।
आपके विचार से मंदिर की पवित्रता और देवी की गरिमा को कौन ठेस पहुँचा रहा था और कैसे?
‘एक फूल की चाह’ कविता में देवी के भक्तों की दोहरी मानसिकता उजागर होती हैं। स्पष्ट कीजिए।
महामारी से सुखिया पर क्या प्रभाव पड़ा? इससे उसके पिता की दशा कैसी हो गई?
सुखिया को बाहर खेलते जाता देख उसके पिता की क्या दशा होती थी और क्यों?
सुखिया के पिता को मंदिर में देखकर भक्तों ने क्या-क्या कहना शुरू कर दिया?
सुखिया के पिता के अनुसार, भक्तगण देवी की गरिमा को किस तरह चोट पहुँचा रहे थे?
“मनुष्य होने की गरिमा’ किस तरह नष्ट की जा रहीं थी?
Solutions for 10: सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह

NCERT solutions for Hindi - Sparsh Part 1 Class 9 chapter 10 - सियारामशरण गुप्त - एक फूल की चाह
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