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किस प्रकार के पदार्थों से अच्छे स्थायी चुम्बक बनाए जा सकते हैं, लौहचुम्बकीय अथवा फेरीचुम्बकीय? अपने उत्तर का औचित्य बताइए। - Chemistry (रसायन विज्ञान)

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Question

किस प्रकार के पदार्थों से अच्छे स्थायी चुम्बक बनाए जा सकते हैं, लौहचुम्बकीय अथवा फेरीचुम्बकीय? अपने उत्तर का औचित्य बताइए।

Answer in Brief

Solution

लौहचुम्बकीय पदार्थ श्रेष्ठ स्थायी चुम्बक बनाते हैं क्योंकि इनमें धातु आयन छोटे क्षेत्रों में व्यवस्थित होते हैं, जिन्हें डोमेन कहते हैं। प्रत्येक डोमेन सूक्ष्म चुम्बक के रूप में कार्य करता है। ये डोमेन अनियमित रूप में व्यवस्थित होते हैं। जब इन पर चुम्बकीय क्षेत्र आरोपित किया जाता है तब वे चुम्बकीय क्षेत्र की दिशा में व्यवस्थित हो जाते हैं तथा प्रबल चुम्बकीय क्षेत्र बनाते हैं। बाह्य चुम्बकीय क्षेत्र के हटा लेने पर भी डोमेन व्यवस्थित रहते हैं। इस प्रकार लौहचुम्बकीय पदार्थ स्थायी चुम्बक में परिवर्तित हो जाता है।

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चुंबकीय गुण
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Chapter 1: ठोस अवस्था - पाठ्यनिहित प्रश्न [Page 30]

APPEARS IN

NCERT Chemistry [Hindi] Class 12
Chapter 1 ठोस अवस्था
पाठ्यनिहित प्रश्न | Q 1.23 | Page 30

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निम्नलिखित को उचित उदाहरण से समझाइए –

लोहचुंबकत्व


निम्नलिखित को उचित उदाहरण से समझाइए –

अनुचुंबकत्व


निम्नलिखित को उचित उदाहरण से समझाइए –

फेरीचुंबकत्व


निम्नलिखित को उचित उदाहरण से समझाइए –

प्रतिलोहचुंबकत्व


निम्नलिखित में से कौन-सी व्यवस्था प्रतिलोहचुंबकीय पदार्थ के चुंबकीय आघूर्ण के व्यवस्थित सरेखण को प्रदर्शित करती है?


निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य नहीं है?


लोहचुम्बकीय पदार्थ चुम्बकीय क्षेत्र में रखे जाने पर स्थायी चुम्बक बन जाता है क्योंकि ______।


प्रतिलोहचुम्बकीय पदार्थ के लिए चुम्बकीय आघूर्ण का मान शून्य होता है। क्योंकि डोमेन ______।

  1. प्रयुक्त चुम्बकीय क्षेत्र की दिशा में अभिविन्यासित हो जाते हैं।
  2. प्रयुक्त चुम्बकीय क्षेत्र की विपरीत दिशा में अभिविन्यासित हो जाते हैं।
  3. चुम्बकीय क्षेत्र के अनुप्रयोग के बिना एक-दूसरे के विपरीत अभिविन्यासित हो जाते हैं।
  4. एक-दूसरे के चुम्बकीय आघूर्ण को निरस्त कर देते हैं।

निम्नलिखित में से कौन-से कथन सही हैं?

  1. लोहचुंबकीय पदार्थ गरम करने से लोहचुंबकत्व त्याग देते हैं और अनुचुंबकीय बन जाते हैं।
  2. लोहचुंबकीय पदार्थ गरम करने से लोहचुंबकत्व नहीं छोड़ते और लोहचुंबकीय बने रहते हैं।
  3. प्रतिलोहचुंबकीय पदार्थों की डोमेन संरचनाएँ लोहचुंबकीय पदार्थों के समान होती हैं और उनके चुंबकीय आघूर्ण परस्पर निरस्त नहीं होते।
  4. लोहचुंबकीय पदार्थों में सभी डोमेन चुंबकीय क्षेत्र की दिशा में उन्मुख हो जाते हैं और चुंबकीय क्षेत्र को हटाने के बाद भी ऐसे ही बने रहते हैं।

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