English

पहला दोस्त मंच पर किस रूप में था और वह किस अँधेरे को दूर करने के लिए टार्च बेच रहा था? - Hindi (Elective)

Advertisements
Advertisements

Question

पहला दोस्त मंच पर किस रूप में था और वह किस अँधेरे को दूर करने के लिए टार्च बेच रहा था?

Answer in Brief

Solution

पहला दोस्त मंच पर साधु के रूप में विद्यमान था। वह मंच पर बैठा लोगों को प्रवचन दे रहा था। उसने रेशमी वस्त्र पहने हुए थे। चेहरे पर लंबी दाढ़ी थी। उसके बाल भी लंबे हो गए थे। इस वेश में उसका स्वरूप भव्यता को प्राप्त हो रहा था। वह लोगों को आत्मा के अँधकार को दूर करने के लिए ज्ञान रूपी टार्च को बेच रहा था।
shaalaa.com
टॉर्च बेचनेवाले
  Is there an error in this question or solution?
Chapter 1.3: टार्च बेचनेवाले - प्रश्न-अभ्यास [Page 41]

APPEARS IN

NCERT Hindi - Antar Class 11
Chapter 1.3 टार्च बेचनेवाले
प्रश्न-अभ्यास | Q 3. | Page 41

RELATED QUESTIONS

लेखक ने टार्च बेचनेवाली कंपनी का नाम 'सूरज छाप' ही क्यों रखा?


पाँच साल बाद दोनों दोस्तों की मुलाकात किन परिस्थितियों में और कहाँ होती है?


भव्य पुरुष ने कहा - 'जहाँ अंधकार है वहीं प्रकाश है।' इसका क्या तात्पर्य है?


भीतर के अँधेरे की टार्च बेचने और 'सूरज छाप' टार्च बेचने के धंधे में क्या फ़र्क है? पाठ के आधार पर बताइए।


'सवाल के पाँव ज़मीन में गहरे गड़े हैं। यह उखड़ेगा नहीं।' इस कथन में मनुष्य की किस प्रवृत्ति की ओर संकेत है और क्यों?


'व्यंग्य विधा में भाषा सबसे धारदार है।' परसाई जी की इस रचना को आधार बनाकर इस कथन के पक्ष में अपने विचार प्रकट कीजिए।


आशय स्पष्ट कीजिए -

क्या पैसा कमाने के लिए मनुष्य कुछ भी कर सकता है?


आशय स्पष्ट कीजिए -

प्रकाश बाहर नहीं है, उसे अंतर में खोजो। अंतर में बुझी उस ज्योति को जगाओ।


आशय स्पष्ट कीजिए -

धंधा वही करूँगा, यानी टार्च बेचूँगा। बस कंपनी बदल रहा हूँ।


लेखक ने ‘सूरज छाप’ टॉर्च को नदी में क्यों फेंक दिया? क्या आप भी वही करते? 


टॉर्च बेचने वाले किस प्रकार की स्किल प्रयोग करते हैं? इसका 'स्किल इंडिया’ प्रोग्राम से कोई संबंध है?


'पैसा कमाने की लिप्सा ने आध्यामत्मिकता को भी एक व्यापार बना दिया है।' इस विषय पर कक्षा में परिचर्चा कीजिए।


समाज में फैले अंधविश्वासों का उल्लेख करते हुए एक लेख लिखिए।


एन.सी.ई.आर.टी. द्वारा हरिशंकर परसाई पर बनाई गई फ़िल्म देखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×