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Question
श्लोकात् 'क्त' प्रत्ययान्तरूपाणि (क. भू. धा. वि.) चिनुत लिखत च।
Solution
कथितम्, लिखितम्, लङ्धिता।
RELATED QUESTIONS
सन्धिविग्रहं कुरुत।
शत्रुभ्यामिव = ______
सन्धिं कुरुत।
पशुभिः + तुल्यम् = ______
सन्धिविग्रहं कुरुत।
वर्धत एव = ______
सन्धिं कुरुत।
परः + वा + इति = ______
एकवचने परिवर्तयत।
वृक्षाः फलन्ति।
समानार्थकशब्दं पाठात् लिखत।
वेदना - ______
सन्धिविग्रह कुरुत।
यत्रैताः - ______
एकवचने परिवर्तयत।
देवताः रमन्ते।
सन्धिविग्रहं कुरुत।
महताम् + ______ = महतामुदारता।
रूपपरिचयं कुरुत।
पिपासया
अमरकोषपङ्क्तिं लिखत।
जलधरः
सन्धिविग्रहं कुरुत।
पाठकश्चैव = ______ + च + ______।
सुभाषितात् समानार्थकशब्दं लिखत।
अध्यापकः - ______
सुभाषितात् समानार्थकशब्दं लिखत।
शास्त्रविदः - ______
सुभाषितात् समानार्थकशब्दं लिखत।
बोद्धव्याः - ______
सन्धिविग्रहं कुरुत।
कदापि - ______
विरुदधार्थकं शब्दं लिखत।
सत्वरम् × ______
योग्यविशेषणं चित्वा वाक्यं पुनर्लिखत।
अमरकोषे ______ काण्डानि सन्ति।
सन्धिविग्रहं कुरुत।
ममाज्ञया = ______
सन्धि कुरुत।
तस्य + आदिः (अ + आ) = ______
समानार्थकशब्दं चिनुत लिखत च।
मृगः - ______
वर्णविग्रहं कुरुत।
ध्यानस्थितः - ______
सूचनानुसार वाक्यपरिवर्तन कुरुत।
कश्चित् धनिकः स्वकन्यां मह्यं दास्यति। (लट्लकारे परिवर्तयत।)
सूचनानुसार वाक्यपरिवर्तन कुरुत।
अहं लगुडेन कुक्कुरं ताडयिष्यामि। (लृट्स्थाने लिङ्प्रयोगं कुरुत)
समस्तपदं कुरुत।
स्वभावेन कृपणः - ______
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
आत्रेयी वाल्मीकिमहर्षेः आश्रमात् दण्डकारण्यम् आगता।
विशेषण-विशेष्य-मेलनं कुरुत।
विशेष्यम् | विशेषणम् |
सहचरः | पोषितौ |
विलापः | अश्रुतपूर्वा |
कुशलवौ | करुणः |
वाणी | निश्चेष्टः |
गणद्वये लिखत।
उक्त्वा, पूजयित्वा, सम्पाद्य, संहत्य, धृत्वा, धावित्वा, प्रविश्य, स्नात्वा, उड्डीय, निमज्य, अवतीर्य, उत्थाय, आरुह्य, उत्पत्य, सिक्त्वा, स्थित्वा, चलित्वा, निष्पीड्य, उद्घाट्य, निष्कास्य
सवर्णदीर्घसन्धिः।
इ/ई + इ/ई = ई
______ + इव = नदीव।
सवर्णदीर्घसन्धिः।
ऋ, ॠ + ऋ ,ॠ = ॠ
भ्रातृ + ______ = भ्रातृषभः।
भवान्/भवती -स्थाने त्वं योजयित्वा वाक्यानि लिखत।
भवती प्रार्थयताम्।
अयादिसन्धिः।
ए/ए + कोऽपि स्वरः = अय्/आय्
तस्मै + ______ = तस्मायपि/तस्मा अपि।
अयादिसन्धिः।
ओ/औ + कोऽपि स्वरः = अव्/आव्
तौ + ______ = तावपि।
अयादिसन्धिः।
ओ/औ + कोऽपि स्वरः = अव्/आव्
______ + अपि = उभावपि
वृद्धिसन्धिः।
अ/आ + ओ/औ = औ
______ + ओजः = ममौजः।
शुद्धं वा अशुद्धम्?
अहं शाकानि कर्तितवान्।
योग्यरूपं योजयत।
महादेवः ______ पतिः। (पशु)
योग्यरूपं योजयत।
नारदः ______ शरणं गच्छति। (विष्णु)
योग्यरूपं योजयत।
मयूरस्य ______ दीर्घा। (चञ्चु)
चतुर्थं पदं लिखत।
अम्बु - अम्बूनि :: वस्तु - ______।
तालिकां पूरयत।
नामरूपम् | प्रातिपदिकम् | अन्तः | लिङ्गम् | विभक्तिः | वचनम् |
१. पश्वोः | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
२. साधौ | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
३. जिज्ञासुभिः | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
४. तरूणाम् | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
५. दारूणि | ______ | ______ | ______ | ______ | ______ |
तालिकां पूरयत।
क्रियापदम् | मूलधातुः | गणः, पदम् | लकारः | पुरुषः | वचनम् |
१. क्षमस्व | ______ | ______ | लोट् | ______ | ______ |
२. लभताम् | ______ | १ आ.प. | ______ | ______ | ______ |
३. नृत्यन्तु | ______ | ______ | ______ | ______ | बहुवचनम् |
४. रचय | रच् | ______ | ______ | ______ | ______ |
५. उत्तरत | उत् + तृ-तर् | ______ | ______ | ______ | ______ |
६. लिखत | ______ | ६ प. प. | ______ | ______ | ______ |
७. गायाम | ______ | ______ | लोट् | ______ | ______ |
८. भवन्तु | ______ | ______ | ______ | प्रथम | ______ |
आज्ञार्थ-रूपाणि चिनुत लिखत च।
छात्रौ प्रार्थनां स्मरताम्।
विधिलिङ्रूपाणि चिनुत लिखत च।
यः गणपतिस्तोत्रं जपेत् सः षडभिः मासैः फलं लभेत।
रूपाभ्यासं कुरुत।
शिक्षेत
रूपाभ्यासं कुरुत।
संरक्षेम
महत् इति तकारान्त विशेषण पठित्वा तालिका पूरयत।
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् |
महान् नृपः | महान्तौ नृपौ | महान्तः नृपाः | महान् गुरुः | महान्तौ ______ | महान्तः ______ |
महान् कविः | महान्तौ कवी | महान्तः कवयः | महान् ______ | महान्तौ ऋषी | महान्तः ______ |
महती शिला | महत्यौ शिले | महत्यः शिलाः | महती ______ | महत्यौ ______ | महत्यः नार्यः |
महती नदी | महत्यौ नद्यौ | महत्यः नद्यः | महती धेनुः | महत्यौ ______ | महत्यः ______ |
महत् नगरम् | महती नगरे | महान्ति नगराणि | महत् ______ | महती विश्वे | महान्ति ______ |
महत् वस्तु | महती वस्तुनि | महान्ति वस्तूनि | महत् सरः | महती ______ | महान्ति ______ |
समस्तपदं लिखत।
कल्पनाम् अतीतः - ______
समस्तपदं लिखत।
हस्तेन लिखितम् - ______
'क्त' प्रत्ययान्तरूपैः रिक्तस्थानानि पूरयत।
बिडालेन क्षीरं ______। (पा)
लकार-तालिकां पूरयत।
लङ् |
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | |
______ | ______ | अपठाम् | उत्तमपुरुषः | |
______ | आस्ताम् | ______ | प्रथमपुरुषः | |
______ | ______ | अलभध्वम् | मध्यमपुरुषः |
लकार-तालिकां पूरयत।
लृट् |
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | |
क्षालयिष्यति | ______ | ______ | प्रथमपुरुषः | |
______ | वर्धिष्येथे | ______ | मध्यमपुरुषः | |
______ | ______ | कोपिष्यामः | उत्तमपुरुषः |
सवर्णदीर्घसन्धिः।
______ + इद्रः = रवीन्द्रः।
सवर्णदीर्घसन्धिः।
भानु + ______ = भानूदयः
सवर्णदीर्घसन्धिः।
गण + ______ = गणेशः।
सन्धिकोषः।
धनमलब्धं = ______ + अलब्धम्।
सन्धिकोषः।
बकवच्चिन्तयेदर्थान् = बकवत् + ______ + अर्थान्।
सन्धिकोषः।
वृकवच्चावलुम्पेत = वृकवत् + च + ______।
सन्धिकोषः।
पूर्वमुच्यते = ______ + उच्यते।
सन्धिकोषः।
यत्रैतास्तु = ______ + एताः + ______।
सन्धिकोषः।
अतस्ताम् = ______ + ताम्।
सन्धिकोषः।
______ = पणिभिः + यद्।
सन्धिकोषः।
नाहम् = न + ______।
सन्धिकोषः।
तन्न = ______ + न।
सन्धिकोषः।
तन्मे = तत् + ______।
सन्धिकोषः।
पराभवमाप्नोति = ______ + आप्नोति।
सन्धिकोषः।
शक्रादपि = ______ + अपि।
सन्धिकोषः।
अयमध्ययनप्रत्यूहः = अयम् + ______।
सन्धिकोषः।
त्वमगमः = ______ + अगमः।
सर्व पुलिङ्ग सर्वनाम।
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
सर्वः | ______ | ______ | प्रथमा |
सर्वम् | ______ | ______ | द्वितीया |
सर्वेण | ______ | ______ | तृतीया |
सर्वस्मै | ______ | ______ | चतुर्थी |
सर्वस्मात् | ______ | ______ | पञ्चमी |
सर्वस्य | ______ | ______ | षष्ठी |
सर्वस्मिन् | ______ | ______ | सप्तमी |
हे सर्व | ______ | ______ | सम्बोधनम् |
'इदम्' सर्वनाम पुंलिङ्गम्।
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
अयम् | ______ | ______ | प्रथमा |
इमम्/एनम् | ______ | ______ | द्वितीया |
अनेन /एनेन | ______ | ______ | तृतीया |
अस्मै | ______ | ______ | चतुर्थी |
अस्मात् | ______ | ______ | पञ्चमी |
अस्य | ______ | ______ | षष्ठी |
अस्मिन् | ______ | ______ | सप्तमी |
'इदम्' सर्वनाम स्त्रीलिङ्गम्।
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
इयम् | ______ | ______ | प्रथमा |
इमाम्/एनाम् | ______ | ______ | द्वितीया |
अनया/एनया | ______ | ______ | तृतीया |
अस्यै | ______ | ______ | चतुर्थी |
अस्याः | ______ | ______ | पञ्चमी |
अस्याः | ______ | ______ | षष्ठी |
अस्याम् | ______ | ______ | सप्तमी |
भवत् आदरार्थकं सर्वनाम।
भवत् - पुंलिङ्गम्
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
भवान् | ______ | ______ | प्रथमा |
भवन्तम् | ______ | ______ | द्वितीया |
भवता | ______ | ______ | तृतीया |
भवते | ______ | ______ | चतुर्थी |
भवतः | ______ | ______ | पञ्चमी |
भवतः | ______ | ______ | षष्ठी |
भवति | ______ | ______ | सप्तमी |
हे भवन् | ______ | ______ | सम्बोधनम् |
भवत् आदरार्थकं सर्वनाम।
भवत् - स्त्रीलिङ्गम् (भवती)
एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
भवती | ______ | ______ | प्रथमा |
भवतीम् | ______ | ______ | द्वितीया |
भवत्या | ______ | ______ | तृतीया |
भवत्यै | ______ | ______ | चतुर्थी |
भवत्याः | ______ | ______ | पञ्चमी |
भवत्याः | ______ | ______ | षष्ठी |
भवत्याम् | ______ | ______ | सप्तमी |
हे भवति | ______ | ______ | सम्बोधनम् |
अव्ययस्य विशिष्टं अव्ययरूपस्य आवश्यकता भवति। अधोक्तम् अस्ति।
वि + रम् = ______