Advertisements
Advertisements
Question
एक घनाकार ब्लॉक के एक फलक को अंदर की ओर से काट कर एक अर्धगोलाकार गड्ढ़ा इस प्रकार बनाया गया है कि अर्धगोले का व्यास घन के एक किनारे के बराबर है। शेष बचे ठोस का पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
Solution
अर्धगोले का व्यास = घन का किनारा = l
अर्धगोले की त्रिज्या =` l/2`
गोलार्ध का वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल = 2πr2
= `2 xx pi xx l/2 xxl/2 xx (pi l^2)/2`
गोलार्ध का आधार क्षेत्रफल = πr2
= `pi (l/2)^2 = (pil^2)/4`
घन का पृष्ठीय क्षेत्रफल = `6 xx l^2 = 6l^2`
शेष ठोस का पृष्ठीय क्षेत्रफल = [घन का कुल पृष्ठीय क्षेत्रफल + C.S.A. गोलार्ध का − गोलार्ध का आधार क्षेत्र]
= `6l^2 + (pil^2)/2 − (pil^2)/2`
= `(24l^2 + 2pil^2 − pil^2)/4`
= `(24l^2 + pil^2)/4`
= `l^2/4 (24 + pi)` इकाई2
APPEARS IN
RELATED QUESTIONS
एक खिलौना त्रिज्या 3.5 सेमी वाले एक शंकु के आकार का है, जो उसी त्रिज्या वाले एक अर्धगोले पर अध्यारोपित है। इस खिलौने की संपूर्ण ऊँचाई 15.5 सेमी है। इस खिलौने का संपूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए। [प्रयोग करें π = `22/7`]
एक इंजीनियरिंग के विद्यार्थी रचेल से एक पतली एल्यूमीनियम की शीट का प्रयोग करते हुए एक मॉडल बनाने को कहा गया है जो एक ऐसे बेलन के आकार का हो जिसके दोनों सिरों पर दो शंकु जुड़े हुए हों। इस मॉडल का व्यास 3 सेमी है और इसकी लंबाई 12 सेमी है। यदि प्रत्येक शंकु की ऊँचाई 2 सेमी हो तो रचेल द्वारा बनाए गए मॉडल में अंतर्विष्ट हवा का आयतन ज्ञात कीजिए। (यह मान लीजिए कि मॉडल की आंतरिक और बाहरी विमाएँ लगभग बराबर हैं।)
एक कलमदान घनाभ के आकार की एक लकड़ी से बना है जिसमें कलम रखने के लिए चार शंक्वाकार गड्ढ़े बने हुए हैं। घनाभ की विमाएँ 15 सेमी 10 सेमी 3.5 सेमी हैं। प्रत्येक गड्ढ़े की त्रिज्या 0.5 सेमी है और गहराई 1.4 सेमी है। पूरे कलमदान में लकड़ी का आयतन ज्ञात कीजिए। [π = `22/7`] का प्रयोग करें।
एक ठोस में, ऊँचाई 120 सेमी और त्रिज्या 60 सेमी वाला एक शंकु सम्मिलित है, जो 60 सेमी त्रिज्या वाले एक अर्धगोले पर आरोपित है। इस ठोस को पानी से भरे हुए एक लंब वृत्तीय बेलन में इस प्रकार सीधा डाल दिया जाता है कि यह बेलन की तली को स्पर्श करे। यदि बेलन की त्रिज्या 60 सेमी और और ऊँचाई 180 सेमी है तो बेलन में शेष बचे पानी का आयतन ज्ञात कीजिए। [π = `22/7`] का प्रयोग करें
एक 3 cm, 4 cm और 5 cm किनारों वाले धातु के तीन ठोस घनों को पिघलाकर एक अकेला घन बनाया गया है। इस प्रकार बने घन का किनारा ज्ञात कीजिए।
विमाओं 9 cm × 11 cm × 12 cm वाले एक सीसे के घनाभाकार ठोस से 3 cm व्यास वाली कितनी गोलियाँ बनायी जा सकती हैं?
त्रिज्या 8 cm और ऊँचाई 12 cm वाले एक शंकु को उसकी अक्ष के मध्य-बिंदु से होकर जाने वाले और आधार के समांतर तल द्वारा दो भागों में विभाजित किया जाता है। दोनों भागों के आयतनों का अनपात ज्ञात कीजिए।
एक 7 cm व्यास वाले बेलनाकार बीकर, जिसमें कुछ पानी भरा है, में 1.4 cm व्यास वाले कंचे डाले जाते हैं। कंचों की वह संख्या ज्ञात कीजिए जिनको बीकर में डालने से पानी का स्तर 5.6 cm ऊपर उठ जायेगा।
विमाओं 66 cm, 42 cm और 21 cm वाले एक ठोस घनाभाकार सीसे के टुकड़े में से 4.2 cm वाली कितनी सीसे की गोलियाँ प्राप्त की जा सकती हैं?
किसी फाउन्टेन पेन की नली, जो बेलन के आकार की है, 7 cm लंबी है और इसका व्यास 5 mm है। इस पेन की नली में पूरी भरी स्याही से औसतन 3300 शब्द लिखे जा सकते हैं। स्याही की उस बोतल से कितने शब्द लिखे जा सकते हैं, जिसमें 1 लीटर की `(1)/(5)` भाग स्याही है?