Advertisements
Chapters
▶ 2: परमाणु की संरचना
3: तत्त्वों का वर्गीकरण एवं गुणधर्मों में आवर्तिता
4: रासायनिक आबंधन तथा आण्विक संरचना
5: द्रव्य की अवस्थाएँ
6: ऊष्मागतिकी
7: साम्यावस्था
8: अपचयोपचय अभिक्रियाएँ
9: हाइड्रोजन
10: s-ब्लॉक तत्त्व
11: p-ब्लॉक तत्त्व
12: कार्बनिक रसायन : कुछ आधारभूत सिद्धांत तथा तकनीकें
13: हाइड्रोकार्बन
14: पर्यावरणीय रसायन
![NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 - परमाणु की संरचना NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 - परमाणु की संरचना - Shaalaa.com](/images/chemistry-part-1-and-2-hindi-class-11_6:134c1ea964064b77973b84538c3adc59.jpg)
Advertisements
Solutions for Chapter 2: परमाणु की संरचना
Below listed, you can find solutions for Chapter 2 of CBSE NCERT for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11.
NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 2 परमाणु की संरचना अभ्यास [Pages 68 - 72]
एक ग्राम भार में इलेक्ट्रॉनों की संख्या का परिकलन कीजिए।
एक मोल इलेक्ट्रॉनों के द्रव्यमान और आवेश का परिकलन कीजिए।
मेथेन के एक मोल में उपस्थित इलेक्ट्रॉनों की संख्या का परिकलन कीजिए।
7 mg 14C में न्यूट्रॉनों की (क) कुल संख्या तथा (ख) कुल द्रव्यमान ज्ञात कीजिए।
(न्यूट्रॉन का द्रव्यमान = 1.675 × 10−27 kg मान लीजिए।)
मानक ताप और दाब (STP) पर 34 mg NH3 में प्रोटॉनों की (क) कुल संख्या और (ख) कुल द्रव्यमान बताइए।
दाब और ताप में परिवर्तन से क्या उत्तर परिवर्तित हो जाएगा?
निम्नलिखित नाभिकों में उपस्थित न्यूट्रॉनों और प्रोटॉनों की संख्या बताइए-
`""_6^13"C"`, `""_8^16"O"`, `""_12^24"Mg"`, `""_26^56"Fe"`, `""_38^88"Sr"`
नीचे दिए गए परमाणु द्रव्यमान (A) और परमाणु संख्या (Z) वाले परमाणुओं का पूर्ण प्रतीक लिखिए-
Z = 17, A = 35
नीचे दिए गए परमाणु द्रव्यमान (A) और परमाणु संख्या (Z) वाले परमाणुओं का पूर्ण प्रतीक लिखिए-
Z = 92, A = 233
नीचे दिए गए परमाणु द्रव्यमान (A) और परमाणु संख्या (Z) वाले परमाणुओं का पूर्ण प्रतीक लिखिए-
Z = 4, A = 9
सोडियम लैम्प द्वारा उत्सर्जित पीले प्रकाश की तरंग-दैर्घ्य (λ) 580 nm है। इसकी आवृत्ति (v) और तरंग-संख्या `(bar"v")` की परिकलन कीजिए।
प्रत्येक ऐसे फोटॉन की ऊर्जा ज्ञात कीजिए-
जो 3 × 1015 Hz आवृत्ति वाले प्रकाश के संगत हो।
प्रत्येक ऐसे फोटॉन की ऊर्जा ज्ञात कीजिए-
जिसकी तरंग-दैर्घ्य 0.50 Å हो।
2.0 × 10−10 s काल वाली प्रकाश तरंग की तरंग-दैर्घ्य, आवृत्ति और तरंग-संख्या की गणना कीजिए।
ऐसा प्रकाश, जिसकी तरंग-दैर्घ्य 4000 pm हो और जो 1 J ऊर्जा दे, के फोटॉनों की संख्या बताइए।
यदि 4 × 10−7 m तरंग-दैर्घ्य वाला एक फोटॉन 2.13 eV कार्यफलन वाली धातु की सतह से टकराता है, तो
- फोटॉन की ऊर्जा (eV में)
- उत्सर्जन की गतिज ऊर्जा और
- प्रकाशीय इलेक्ट्रॉन के वेग का परिकलन कीजिए।
(1 eV = 1.6020 × 10−19 J)
सोडियम परमाणु के आयनन के लिए 242 nm तरंग-दैर्घ्य की विद्युत-चुंबकीय विकिरण पर्याप्त होती है। सोडियम की आयनन ऊर्जा kJ mol−1 में ज्ञात कीजिए।
25 वॉट का एक बल्ब 0.57 μ m तरंग-दैर्घ्य वाले पीले रंग का एकवर्णी प्रकाश उत्पन्न करता है। प्रति सेकंड क्वांटा के उत्सर्जन की दर ज्ञात कीजिए।
किसी धातु की सतह पर 6800 Å तरंग-दैर्घ्य वाली विकिरण डालने से शून्य वेग वाले इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित होते हैं। धातु की देहली आवृत्ति (v0) और कार्यफलन (W0) ज्ञात कीजिए।
जब हाइड्रोजन परमाणु के n = 4 ऊर्जा स्तर से n = 2 ऊर्जा स्तर में इलेक्ट्रॉन जाता है, तो किस तरंग-दैर्घ्य का प्रकाश उत्सर्जित होगा?
यदि इलेक्ट्रॉन n = 5 कक्षक में उपस्थित हो, तो H-परमाणु के आयनन के लिए कितनी ऊर्जा की आवश्यकता होगी? अपने उत्तर की तुलना हाइड्रोजन परमाणु के आयनन एन्थैल्पी से कीजिए।
(आयनन एन्थैल्पी n = 1 कक्षक से इलेक्ट्रॉन को निकालने के लिए आवश्यक ऊर्जा होती है।)
जब हाइड्रोजन परमाणु में उत्तेजित इलेक्ट्रॉन n = 6 से मूल अवस्था में जाता है, तो प्राप्त उत्सर्जित रेखाओं की अधिकतम संख्या क्या होगी?
हाइड्रोजन के प्रथम कक्षक से संबंधित ऊर्जा –2.18 × 10–18 J atom–1 है। पाँचवें कक्षक से संबंधित ऊर्जा बताइए।
हाइड्रोजन परमाणु के पाँचवें बोर कक्षक की त्रिज्या की गणना कीजिए।
हाइड्रोजन परमाणु की बामर श्रेणी में अधिकतम तरंग-दैर्घ्य वाले संक्रमण की तरंग-संख्या की गणना कीजिए।
हाइड्रोजन परमाणु में इलेक्ट्रॉन को पहली कक्ष से पाँचवीं कक्ष तक ले जाने के लिए आवश्यक ऊर्जा की जूल में गणना कीजिए। जब यह इलेक्ट्रॉन तलस्थ अवस्था में लौटता है, तो किस तरंग-दैर्घ्य का प्रकाश उत्सर्जित होगा?
(इलेक्ट्रॉन की तलस्थ अवस्था ऊर्जा −2.18 × 10−11 ergs है।)
हाइड्रोजन परमाणु में इलेक्ट्रॉन की ऊर्जा En = `(-2.18 × 10^-18)/("n"^2) "J"` द्वारा दी जाती है। n = 2 कक्षा से इलेक्ट्रॉन को पूरी तरह निकालने के लिए आवश्यक ऊर्जा की गणना कीजिए। प्रकाश की सबसे लंबी तरंग-दैर्घ्य (cm में) क्या होगी, जिसका उपयोग इस संक्रमण में किया जा सके?
2.05 × 107 ms−1 वेग से गति कर रहे किसी इलेक्ट्रॉन का तरंग-दैर्घ्य क्या होगा?
इलेक्ट्रॉन का द्रव्यमान 9.1 × 10−31 kg हैं। यदि इसकी गतिज ऊर्जा 3.0 × 10−25 J हो, तो इसकी तरंग-दैर्घ्य की गणना कीजिए।
निम्नलिखित में से कौन सम-आयनी स्पीशीज़ हैं, अर्थात् किनमें इलेक्ट्रॉनों की समान संख्या है?
Na+, K+, Mg2+, Ca2+, S2−, Ar
निम्नलिखित आयन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास लिखिए-
H−
निम्नलिखित आयन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास लिखिए-
Na+
निम्नलिखित आयन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास लिखिए-
O2−
निम्नलिखित आयन का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास लिखिए-
F−
उन तत्वों की परमाणु संख्या बताइए, जिनके सबसे बाहरी इलेक्ट्रॉनों को निम्नलिखित रूप में दर्शाया जाता है?
3s1
उन तत्वों की परमाणु संख्या बताइए, जिनके सबसे बाहरी इलेक्ट्रॉनों को निम्नलिखित रूप में दर्शाया जाता है?
2p3
उन तत्वों की परमाणु संख्या बताइए, जिनके सबसे बाहरी इलेक्ट्रॉनों को निम्नलिखित रूप में दर्शाया जाता है?
3p5
निम्नलिखित विन्यासों वाले परमाणुओं के नाम बताइए-
[He] 2s1
निम्नलिखित विन्यासों वाले परमाणुओं के नाम बताइए-
[Ne] 3s2 3p3
निम्नलिखित विन्यासों वाले परमाणुओं के नाम बताइए-
[Ar] 4s2 3d1
किस निम्नतम n मान द्वारा g-कक्षक का अस्तित्व अनुमत होगा?
एक इलेक्ट्रॉन किसी 3d-कक्षक में है। इसके लिए n, l और ml के संभव मान दीजिए।
किसी तत्त्व के परमाणु में 29 इलेक्ट्रॉन और 35 न्यूट्रॉन हैं।
- इसमें प्रोटॉनों की संख्या बताइए।
- तत्व का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास बताइए।
`"H"_2^+`, H2 और `"O"_2^+` स्पीशीज़ में उपस्थित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
किसी परमाणु कक्षक का n = 3 है। उसके लिए l और 2ml के संभव मान क्या होंगे?
3d-कक्षक के इलेक्ट्रॉनों के लिए ml और l क्वांटम संख्याओं के मान बताइए।
निम्नलिखित में से कौन-से कक्षक संभव हैं?
1p, 2s, 2p और 3f
s, p, d संकेतन द्वारा निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कक्षकों को बताइए-
n = 1, l = 0
s, p, d संकेतन द्वारा निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कक्षकों को बताइए-
n = 3, l = 1
s, p, d संकेतन द्वारा निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कक्षकों को बताइए-
n = 4, l = 2
s, p, d संकेतन द्वारा निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कक्षकों को बताइए-
n = 4, l = 3
कारण देते हुए बताइए कि निम्नलिखित क्वांटम संख्या के कौन-से मान संभव नहीं हैं-
(क) | n = 0 | l = 0 | ml = 0 | ms = `+1/2` |
(ख) | n = 1 | l = 0 | ml = 0 | ms = `-1/2` |
(ग) | n = 1 | l = 1 | ml = 0 | ms = `+1/2` |
(घ) | n = 2 | l = 1 | ml = 0 | ms = `-1/2` |
(ङ) | n = 3 | l = 3 | ml = –3 | ms = `+1/2` |
(च) | n = 3 | l = 1 | ml = 0 | ms = `+1/2` |
किसी परमाणु में निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कितने इलेक्ट्रॉन होंगे?
n = 4, ms = `-1/2`
किसी परमाणु में निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं वाले कितने इलेक्ट्रॉन होंगे?
n = 3, l = 0
यह दर्शाइए कि हाइड्रोजन परमाणु की बोर कक्षा की परिधि उस कक्षा में गतिमान इलेक्ट्रॉन की दे-ब्राग्ली तरंग-दैर्घ्य को पूर्ण गुणक होती है।
He+ स्पेक्ट्रम के n = 4 से n = 2 बामर संक्रमण से प्राप्त तरंग-दैर्घ्य के बराबर वाला संक्रमण हाइड्रोजन स्पेक्ट्रम में क्या होगा?
\[\ce{He^+_{ (g)} -> He^{2+}_{ (g)} + e^-}\] प्रक्रिया के लिए आवश्यक ऊर्जा की गणना कीजिए। हाइड्रोजन परमाणु की तलस्थ अवस्था में आयनन ऊर्जा 2.18 × 10−18 J atom−1 है।
यदि कार्बन परमाणु का व्यास 0.15 nm है, तो उन कार्बन परमाणुओं की संख्या की गणना कीजिए, जिन्हें 20 cm स्केल की लंबाई में एक-एक करके व्यवस्थित किया जा सकता है।
कार्बन के 2 × 108 परमाणु एक कतार में व्यवस्थित हैं। यदि इस व्यवस्था की लंबाई 2.4 cm है, तो कार्बन परमाणु के व्यास की गणना कीजिए।
ज़िंक परमाणु का व्यास 2.6 Å है- (क) जिंक परमाणु की त्रिज्या pm में तथा (ख) 1.6 cm की लंबाई में कतार में लगातार उपस्थित परमाणुओं की संख्या की गणना कीजिए।
किसी कण का स्थिर विद्युत आवेश 2.5 × 10−16 C है। इसमें उपस्थित इलेक्ट्रॉनों की संख्या की गणना कीजिए।
मिलिकन के प्रयोग में तेल की बूँद पर चमकती X-किरणों द्वारा प्राप्त स्थैतिक विद्युत-आवेश प्राप्त किया जाता है। तेल की बूँद पर यदि स्थैतिक विद्युत-आवेश −1.282 × 10−18 C है, तो इसमें उपस्थित इलेक्ट्रॉनों की संख्या की गणना कीजिए।
रदरफोर्ड के प्रयोग में सोने, प्लैटिनम आदि भारी परमाणुओं की पतली पन्नी को α-कणों द्वारा बमबारी की जाती है। यदि ऐलुमिनियम आदि जैसे हल्के परमाणु की पतली पन्नी ली जाए, तो उपरोक्त परिणामों में क्या अंतर होगा?
`""_35^79"Br"` तथा 79Br प्रतीक मान्य हैं, जबकि `""_79^35"Br"` तथा 35Br मान्य नहीं हैं। संक्षेप में कारण बताइए।
एक 81 द्रव्यमान संख्या वाले तत्त्व में प्रोटॉनों की तुलना में 31.7% न्यूट्रॉन अधिक हैं। इसका परमाणु प्रतीक लिखिए।
37 द्रव्यमान संख्या वाले एक आयन पर ऋणावेश की एक इकाई है। यदि आयन में इलेक्ट्रॉन की तुलना में न्यूट्रॉन 11.1% अधिक है, तो आयन का प्रतीक लिखिए।
56 द्रव्यमान संख्या वाले एक आयन पर धनावेश की 3 इकाई हैं, और इसमें इलेक्ट्रॉन की तुलना में 30.4% न्यूट्रॉन अधिक हैं। इस आयन का प्रतीक लिखिए।
निम्नलिखित विकिरणों के प्रकारों को आवृत्ति के बढ़ते हुए क्रम में व्यवस्थित कीजिए।
(क) माइक्रोवेव ओवन (oven) से विकिरण
(ख) यातायात-संकेत से त्रणमणि (amber) प्रकाश
(ग) एफ.एम. रेडियो से प्राप्त विकिरण
(घ) बाहरी दिक् से कॉस्मिक किरणें
(ङ) X-किरणें
नाइट्रोजन लेज़र 337.1 nm की तरंग-दैर्घ्य पर एक विकिरण उत्पन्न करती है। यदि उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या 5.6 × 1024 हो, तो इस लेज़र की क्षमता की गणना कीजिए।
निऑन गैस को सामान्यतः संकेत बोर्डों में प्रयुक्त किया जाता है। यदि यह 616 nm पर प्रबलता से विकिरण-उत्सर्जन करती है, तो
(क) उत्सर्जन की आवृत्ति
(ख) 30 सेकंड में इस विकिरण द्वारा तय की गई दूरी
(ग) क्वांटम की ऊर्जा तथा
(घ) उपस्थित क्वांटम की संख्या की गणना कीजिए।
(यदि यह 2 J की ऊर्जा उत्पन्न करती है।)
खगोलीय प्रेक्षणों में दूरस्थ तारों से मिलने वाले संकेत बहुत कमजोर होते हैं। यदि फोटॉन संसूचक 600 nm के विकिरण से कुल 3.15 × 10−18 J प्राप्त करता है, तो संसूचक द्वारा प्राप्त फोटॉनों की संख्या की गणना कीजिए।
उत्तेजित अवस्थाओं में अणुओं के जीवनकाल का माप प्रायः लगभग नैनो-सेकंड परास वाले विकिरण स्रोत का उपयोग करके किया जाता है। यदि विकिरण स्रोत का काल 2ns और स्पंदित विकिरण स्रोत के दौरान उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या 2.5 × 1015 है, तो स्रोत की ऊर्जा की गणना कीजिए।
सबसे लंबी द्विगुणित तरंग-दैर्घ्य जिंक अवशोषण संक्रमण 589 और 589.6 nm पर देखा जाता है। प्रत्येक संक्रमण की आवृत्ति और दो उत्तेजित अवस्थाओं के बीच ऊर्जा के अंतर की गणना कीजिए।
सीज़ियम परमाणु का कार्यफलन 1.9 eV है, तो
(क) उत्सर्जित विकिरण की देहली तरंग-दैर्घ्य
(ख) देहली आवृत्ति की गणना कीजिए।
यदि सीज़ियम तत्व को 500 nm की तरंग-दैर्घ्य के साथ विकीर्णित किया जाए, तो निकले हुए फोटोइलेक्ट्रॉन की गतिज ऊर्जा और वेग की गणना कीजिए।
जब सोडियम धातु को विभिन्न तरंग-दैर्घ्यों के साथ विकीर्णित किया जाता है, तो निम्नलिखित परिणाम प्राप्त होते हैं-
λ (nm) | 500 | 450 | 400 |
v × 10−5 (cm s−1) | 2.55 | 4.35 | 5.35 |
देहली तरंग-दैर्घ्य तथा प्लांक स्थिरांक की गणना कीजिए।
प्रकाश-विद्युत प्रभाव प्रयोग में सिल्वर धातु से फोटोइलेक्ट्रॉन का उत्सर्जन 0.35 V की वोल्टता द्वारा रोका जा सकता है। जब 256.7 nm के विकिरण का उपयोग किया जाता है, तो सिल्वर धातु के लिए कार्यफलन की गणना कीजिए।
यदि 150 pm तरंग-दैर्घ्य का फोटॉन एक परमाणु से टकराता है और इसके अंदर बँधा हुआ इलेक्ट्रॉन 1.5 × 107 ms−1 वेग से बाहर निकलता है तो उस ऊर्जा की गणना कीजिए, जिससे यह नाभिक से बँधा हुआ है।
पाशन श्रेणी का उत्सर्जन संक्रमण n कक्ष से आरंभ होता है। कक्ष n = 3 में खत्म होता है तथा इसे v = 3.29 × 1015 (Hz) `[1/3^2 - 1/"n"^2]` से दर्शाया जा सकता है। यदि संक्रमण 1285 nm पर प्रेक्षित होता है, तो n के मान की गणना कीजिए तथा स्पेक्ट्रम का क्षेत्र बताइए।
उस उत्सर्जन संक्रमण के तरंग-दैर्घ्य की गणना कीजिए, जो 1.3225 nm त्रिज्या वाले कक्ष से आरंभ और 211.6 pm पर समाप्त होता है। इस संक्रमण की श्रेणी का नाम और स्पेक्ट्रम का क्षेत्र भी बताइए।
दे-ब्रॉग्ली द्वारा प्रतिपादित द्रव्य के दोहरे व्यवहार से इलेक्ट्रॉन सूक्ष्मदर्शी की खोज हुई, जिसे जैव अणुओं और अन्य प्रकार के पदार्थों की अति आवर्धित प्रतिबिंब के लिए उपयोग में लाया जाता है। इस सूक्ष्मदर्शी में यदि इलेक्ट्रॉन का वेग 1.6 × 106 ms−1 है, तो इस इलेक्ट्रॉन से संबंधित दे-ब्रॉग्ली तरंग-दैर्घ्य की गणना कीजिए।
इलेक्ट्रॉन विवर्तन के समान न्यूट्रॉन विवर्तन सूक्ष्मदर्शी को अणुओं की संरचना के निर्धारण में प्रयुक्त किया जाता है। यदि यहाँ 800 pm की तरंग-दैर्घ्य ली जाए, तो न्यूट्रॉन से संबंधित अभिलाक्षणिक वेग की गणना कीजिए।
यदि बोर के प्रथम कक्ष में इलेक्ट्रॉन का वेग 2.19 × 106 ms−1 है, तो इससे संबंधित दे-ब्रॉग्ली तरंग-दैर्घ्य की गणना कीजिए।
एक प्रोटॉन, जो 1000 V के विभवांतर में गति कर रहा है, से संबंधित वेग 4.37 × 105 ms−1 है। यदि 0.1 kg द्रव्यमान की हॉकी की गेंद इस वेग से गतिमान है, तो इससे संबंधित तरंग-दैर्घ्य की गणना कीजिए।
यदि एक इलेक्ट्रॉन की स्थिति को ± 0.002 nm की शुद्धता से मापी जाती है, तो इलेक्ट्रॉन के संवेग में अनिश्चितता की गणना कीजिए। यदि इलेक्ट्रॉन का संवेग `"h"/(4π_"m") xx 0.05 "nm"` है, तो क्या इस मान को निकालने में कोई कठिनाई होगी?
छः इलेक्ट्रॉनों की क्वांटम संख्या नीचे दी गई है। इन्हें ऊर्जा के बढ़ते क्रम में व्यवस्थित कीजिए। क्या इनमें से किसी की ऊर्जा समान है?
1. | n = 4 | l = 2 | ml = −2 | ms = `-1/2` |
2. | n = 3 | l = 2 | ml = 1 | ms = `+1/2` |
3. | n = 4 | l = 1 | ml = 0 | ms = `+1/2` |
4. | n = 3 | l = 2 | ml = −2 | ms = `-1/2` |
5. | n = 3 | l = 1 | ml = –1 | ms = `+1/2` |
6. | n = 4 | l = 1 | ml = 0 | ms = `+1/2` |
ब्रोमीन परमाणु में 35 इलेक्ट्रॉन होते हैं। इसके 2p कक्षक में छः इलेक्ट्रॉन, 3p कक्षक में छः इलेक्ट्रॉन तथा 4p कक्षक में पाँच इलेक्ट्रॉन होते हैं। इनमें से कौन-सा इलेक्ट्रॉन न्यूनतम प्रभावी नाभिकीय आवेश अनुभव करता है?
निम्नलिखित में से कौन-सा कक्षक उच्च प्रभावी नाभिकीय आवेश अनुभव करेगा?
2s और 3s
निम्नलिखित में से कौन-सा कक्षक उच्च प्रभावी नाभिकीय आवेश अनुभव करेगा?
4d और 4f
निम्नलिखित में से कौन-सा कक्षक उच्च प्रभावी नाभिकीय आवेश अनुभव करेगा?
3d और 3p
Al तथा Si में 3p कक्षक में अयुग्मित इलेक्ट्रॉन होते हैं। कौन-सा इलेक्ट्रॉन नाभिक से अधिक प्रभावी नाभिकीय आवेश अनुभव करेगा?
इन अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
P
इन अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
Si
इन अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
Fe
इन अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
Cr
इन अयुग्मित इलेक्ट्रॉनों की संख्या बताइए।
Kr
n = 4 से संबंधित कितने उपकोश हैं?
उस उपकोश में कितने इलेक्ट्रॉन उपस्थित होंगे, जिसके लिए ms = `-1/2` एवं n = 4 हैं?
Solutions for 2: परमाणु की संरचना
![NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 - परमाणु की संरचना NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 - परमाणु की संरचना - Shaalaa.com](/images/chemistry-part-1-and-2-hindi-class-11_6:134c1ea964064b77973b84538c3adc59.jpg)
NCERT solutions for Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 - परमाणु की संरचना
Shaalaa.com has the CBSE Mathematics Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 CBSE solutions in a manner that help students grasp basic concepts better and faster. The detailed, step-by-step solutions will help you understand the concepts better and clarify any confusion. NCERT solutions for Mathematics Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 CBSE 2 (परमाणु की संरचना) include all questions with answers and detailed explanations. This will clear students' doubts about questions and improve their application skills while preparing for board exams.
Further, we at Shaalaa.com provide such solutions so students can prepare for written exams. NCERT textbook solutions can be a core help for self-study and provide excellent self-help guidance for students.
Concepts covered in Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 chapter 2 परमाणु की संरचना are परमाणु की संरचना, अवपरमाण्विक कणों की खोज, इलेक्ट्रॉन की खोज, इलेक्ट्रॉन का आवेश द्रव्यमान का अनुपात, प्रोटॉन तथा न्यूट्रॉन की खोज, इलेक्ट्रॉनों पर आवेश, परमाणु मॉडल, परमाणु का थॉमसन मॉडल, रदरफोर्ड का नाभिकीय परमाणु मॉडल, परमाणु संख्या तथा द्रव्यमान संख्या, समस्थानिक एवं समभारिक, रदरफोर्ड मॉडल के दोष, बोर के परमाणु मॉडल के विकास की पृष्ठभूमि, विद्युत-चुंबकीय विकिरण की कणीय प्रकृति - प्लांक का क्वांटम सिद्धांत, क्वांटित इलेक्ट्रॉनिक ऊर्जा स्तरों के लिए प्रमाण - परमाण्विक स्पेक्ट्रा, हाइड्रोजन परमाणु का बोर मॉडल, परमाणु के क्वांटम यांत्रिकीय मॉडल की ओर, हाइज़ेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत, परमाणु का क्वांटम यांत्रिकीय मॉडल, कक्षक और क्वांटम संख्या, परमाणु कक्षकों की आकृतियाँ, कक्षकों की ऊर्जाएँ, परमाणु में कक्षकों का भरा जाना, परमाणुओं का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास, पूर्णरूपेण पूरित एवं अर्धपूरित उप-कोशों की स्थायित्व, विद्युत-चुंबकीय विकिरण की तरंग प्रकृति, द्रव्य का द्वैत व्यवहार, परमाणु की संरचना, अवपरमाण्विक कणों की खोज, इलेक्ट्रॉन की खोज, इलेक्ट्रॉन का आवेश द्रव्यमान का अनुपात, प्रोटॉन तथा न्यूट्रॉन की खोज, इलेक्ट्रॉनों पर आवेश, परमाणु मॉडल, परमाणु का थॉमसन मॉडल, रदरफोर्ड का नाभिकीय परमाणु मॉडल, परमाणु संख्या तथा द्रव्यमान संख्या, समस्थानिक एवं समभारिक, रदरफोर्ड मॉडल के दोष, बोर के परमाणु मॉडल के विकास की पृष्ठभूमि, विद्युत-चुंबकीय विकिरण की कणीय प्रकृति - प्लांक का क्वांटम सिद्धांत, क्वांटित इलेक्ट्रॉनिक ऊर्जा स्तरों के लिए प्रमाण - परमाण्विक स्पेक्ट्रा, हाइड्रोजन परमाणु का बोर मॉडल, परमाणु के क्वांटम यांत्रिकीय मॉडल की ओर, हाइज़ेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत, परमाणु का क्वांटम यांत्रिकीय मॉडल, कक्षक और क्वांटम संख्या, परमाणु कक्षकों की आकृतियाँ, कक्षकों की ऊर्जाएँ, परमाणु में कक्षकों का भरा जाना, परमाणुओं का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास, पूर्णरूपेण पूरित एवं अर्धपूरित उप-कोशों की स्थायित्व, विद्युत-चुंबकीय विकिरण की तरंग प्रकृति, द्रव्य का द्वैत व्यवहार.
Using NCERT Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 solutions परमाणु की संरचना exercise by students is an easy way to prepare for the exams, as they involve solutions arranged chapter-wise and also page-wise. The questions involved in NCERT Solutions are essential questions that can be asked in the final exam. Maximum CBSE Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 students prefer NCERT Textbook Solutions to score more in exams.
Get the free view of Chapter 2, परमाणु की संरचना Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 additional questions for Mathematics Chemistry - Part 1 and 2 [Hindi] Class 11 CBSE, and you can use Shaalaa.com to keep it handy for your exam preparation.